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Wednesday, 28 October 2026
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अयोध्या: राम मंदिर कैंपस में दान राशि की गिनती में किए गए कई बदलाव, सुरक्षा भी बढ़ाई गई

अयोध्या: राम मंदिर कैंपस में दान राशि की गिनती में किए गए कई बदलाव, सुरक्षा भी बढ़ाई गई

अयोध्या, 22 जून . राम जन्मभूमि परिसर में दान पत्र में कथित गबन के मामले की जांच स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) द्वारा की जा रही है. जांच के तहत टीम ने 6 दिन तक परिसर में निरीक्षण किया और प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार कर ली है. इस बीच एसआईटी ने राम मंदिर में चढ़ावे को लेकर कई बड़े बदलाव किए हैं.

जानकारी के अनुसार, जांच के बाद मंदिर परिसर में दान राशि की काउंटिंग और कलेक्शन से जुड़े कई बदलाव किए गए हैं. जिन कर्मचारियों पर पहले यह जिम्मेदारी थी, उन्हें फिलहाल अन्य कार्यों में लगाया गया है.

अब दान पत्र के कैश काउंटिंग कार्य में मंदिर परिसर में कार्यरत विश्वसनीय कर्मचारियों के साथ-साथ बैंक के नए कर्मचारियों को भी शामिल किया गया है, ताकि प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाया जा सके.

पैसों की गिनती प्रक्रिया पर निगरानी के लिए नया cctv सिस्टम लगाया गया है. सभी कैश काउंटिंग क्षेत्रों की कैमरों से निगरानी की जा रही है और इसके लिए अलग कंट्रोल रूम भी स्थापित किया गया है.

दान राशि की गिनती और काउंटिंग रूम में प्रवेश को लेकर अब नियम और कड़े कर दिए गए हैं. पूरी तलाशी के बाद ही कर्मचारियों को काउंटिंग रूम में प्रवेश दिया जाएगा.

काउंटिंग रूम से बाहर निकलने के समय भी शत-प्रतिशत जांच की व्यवस्था की गई है.

सूत्रों के अनुसार, अब बैंक में कैश जमा करते समय तीन व्यक्तियों द्वारा क्रॉस वेरिफिकेशन किया जाएगा. सभी के हस्ताक्षर भी अनिवार्य किए गए हैं, ताकि प्रक्रिया में किसी तरह की गड़बड़ी की संभावना न रहे.

अधिकारियों के अनुसार, एसआईटी की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सामने आने तक किसी भी व्यक्ति पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है. जांच अभी जारी है और पूरे मामले की गहन समीक्षा की जा रही है.

इससे पहले Friday को Chief Minister योगी आदित्यनाथ ने Friday को स्पष्ट कहा कि मामले की जांच के लिए गठित एसआईटी निष्पक्ष तरीके से काम कर रही है और दूध का दूध, पानी का पानी करके रहेगी. उन्होंने सभी पक्षों से जांच पूरी होने तक बयानबाजी से बचने की अपील करते हुए कहा कि यदि किसी के पास कोई दस्तावेजी साक्ष्य है तो उसे एसआईटी को सौंपना चाहिए.

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एएमटी/डीकेपी

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