युवाओं को अपनी व्यक्तिगत आकांक्षाओं को राष्ट्र निर्माण के साथ जोड़ना चाहिए: उपराष्ट्रपति

मेरठ, 21 अप्रैल . India के उपPresident सीपी राधाकृष्णन ने Tuesday को मेरठ स्थित आईआईएमटी विश्वविद्यालय के तीसरे दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि यह अवसर न केवल एक शैक्षणिक यात्रा की परिणति का प्रतीक है, बल्कि राष्ट्र निर्माण के प्रति आजीवन प्रतिबद्धता की शुरुआत का भी प्रतीक है.

उपPresident ने कहा कि वे एक ऐसे India में कदम रख रहे हैं जो तेजी से विकसित हो रहा है और अवसरों से भरपूर है. उन्होंने वर्तमान क्षण को राष्ट्र के इतिहास का एक निर्णायक दौर बताया, जो बुनियादी ढांचे और विकास की अभूतपूर्व पहलों से चिह्नित है.

उपPresident ने Prime Minister Narendra Modi द्वारा इस वर्ष की शुरुआत में उद्घाटन की गई नमो India ट्रेन और मेरठ मेट्रो को आधुनिक, कुशल और टिकाऊ कनेक्टिविटी के उदाहरण के रूप में उजागर किया, जो छात्रों और पेशेवरों दोनों के लिए विकास के नए रास्ते खोल रही हैं.

विकसित India की परिकल्पना पर बल देते हुए उपPresident ने रेखांकित किया कि यह परिकल्पना एक राष्ट्रीय मिशन है जिसके लिए युवाओं की ऊर्जा, रचनात्मकता और प्रतिबद्धता की आवश्यकता है. उन्होंने आगे कहा कि आत्मनिर्भर India की भावना इस परिवर्तनकारी यात्रा का मूल आधार है.

छात्रों से अपनी जिम्मेदारियों को निभाने का आग्रह करते हुए उपPresident ने राष्ट्र निर्माण में योगदान देने, सत्यनिष्ठा, अनुशासन और सेवा के मूल्यों को बनाए रखने और यह सुनिश्चित करने के महत्व पर जोर दिया कि विकास समावेशी, टिकाऊ और India की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत में निहित रहे.

छात्रों को व्यक्तिगत सफलता से परे सोचने के लिए प्रोत्साहित करते हुए, उन्होंने उन्हें अपनी महत्वाकांक्षाओं को राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के अनुरूप ढालने की सलाह दी. उन्होंने उनसे रोजगार चाहने वालों के बजाय रोजगार सृजनकर्ता बनने का आह्वान किया. उन्होंने उनसे नवाचार को अपनाने, स्थानीय उद्योगों का समर्थन करने और स्वदेशी समाधानों को बढ़ावा देने का भी आग्रह किया.

उपPresident ने कहा कि विकसित भारत- 2047 की परिकल्पना आर्थिक विकास से परे है और इसमें समावेशी विकास शामिल है जो अंतिम गांव और अंतिम व्यक्ति तक पहुंचता है.

उपPresident ने कहा कि दीक्षांत समारोहों में अकादमिक सम्मान और पदकों में महिलाओं की भागीदारी लगातार बढ़ रही है. उन्होंने इसे दृढ़ संकल्प, अनुशासन और सहायक परिवेश द्वारा संचालित सकारात्मक सामाजिक परिवर्तन का प्रतिबिंब बताया. उन्होंने कहा कि ये उपलब्धियां नए मानदंड स्थापित कर रही हैं और आने वाली पीढ़ियों को अधिक समावेशी और प्रगतिशील India की ओर प्रेरित कर रही हैं.

उत्तर प्रदेश Government में पशुपालन एवं दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह; राज्यसभा सांसद लक्ष्मीकांत बाजपेयी; आईआईएमटी विश्वविद्यालय के कुलाधिपति योगेश मोहन गुप्ता; और अन्य गणमान्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित थे.

एमएस/

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