
कोलकाता, 8 . पश्चिम बंगाल Government में मंत्री दिलीप घोष ने पूर्व Chief Minister और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी की रैली को लेकर कटाक्ष किया है. उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी ने जिंदगीभर ऐसा दिखावा किया है. अभी उनके साथ कोई नहीं है. टीएमसी के लोग भी उन्हें अपना नेता नहीं मानते.
पूर्व Chief Minister ममता बनर्जी को रैली के लिए अनुमति मिलने पर मंत्री दिलीप घोष ने कहा, “उन्हें अनुमति मिल सकती है, लेकिन अकेले चलकर वह क्या करेंगी? उनके साथ कोई नहीं है. यहां तक कि उनकी अपनी पार्टी के लोग भी उन्हें अपना नेता नहीं मानते. ऐसा दिखावा उन्होंने जिंदगी भर किया है.”
अभिषेक बनर्जी को बिधाननगर कोर्ट से समन पर दिलीप घोष ने कहा, “अभिषेक बनर्जी को पहले भी बुलाया गया था. अब उन्हें जाना चाहिए और जांच में मदद करनी चाहिए. शिकायत किसी के भी खिलाफ हो सकती है, अगर वे दोषी नहीं हैं तो कोई कुछ नहीं कर सकता है.”
हावड़ा नगर निगम चुनाव की घोषणा पर दिलीप घोष ने कहा, “नगर निगमों में सात, आठ या नौ साल से चुनाव नहीं हुए हैं. जनप्रतिनिधि नहीं हैं, जनता को जो सेवाएं मिलना चाहिए वो नहीं मिलता है. प्रशासन ही इन निकायों को चला रहा है, कुछ जगह तो प्रशासन भी नहीं था. हमारी Government ने तय किया है कि लोकतांत्रिक सिद्धांतों के अनुसार, प्रशासन को चुने हुए जन-प्रतिनिधियों को सौंपा जाए. यह प्रक्रिया अब शुरू हो गई है. ऐसी कई नगरपालिकाएं और नगर निगम हैं, जहां छह-आठ साल से चुनाव नहीं हुए हैं. उन जगहों पर जल्द ही चुनाव हो जाएंगे और यह वहां के लोगों के लिए अच्छा होगा.”
Chief Minister के बरुईपुर पीड़िता के परिवार से मुलाकात पर दिलीप घोष ने कहा, “Chief Minister पीड़ितों से मिलने गए. बताएं आजतक कौन Chief Minister ऐसी घटनाओं में मिलने के लिए पहुंचा. पिछली Governmentों में हमें भी मिलने से रोका जाता था.”
बरुईपुर की घटना की निंदा करते हुए उन्होंने कहा, “यह घटना सबके सामने हुई और इसके बाद की कार्रवाई भी पारदर्शी रही है. पिछले 50 सालों में किसी Government ने ऐसा काम नहीं किया है. 24 घंटे के अंदर Police ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया.”
विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, “हर कोई जाने के लिए आजाद है. वे कहते रहते हैं कि वे उस जगह का दौरा करेंगे- जरूर जाएं, कोई किसी को रोक नहीं रहा है. हम न तो किसी को जाने से रोक रहे हैं और न ही कुछ छिपा रहे हैं. जो लोग वहां जाने की इजाजत मांग रहे थे, वे Police सुरक्षा में वहां जा चुके हैं. विपक्ष के नेता तस्वीरें ले रहे हैं और बयान दे रहे हैं. अगर कोई कानून हाथ में लेगा तो उसके भुगतना पड़ेगा.”
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डीसीएच/