
रांची, 14 अगस्त . संसद से पारित खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 को लेकर Chief Minister हेमंत सोरेन के विरोध पर भाजपा ने पलटवार किया है. भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सह राज्यसभा सांसद आदित्य साहू ने Chief Minister पर विधेयक के बहाने लोगों को गुमराह करने और Political लाभ लेने की कोशिश करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि विधेयक को लेकर झामुमो और विपक्ष की ओर से जताई जा रही आशंकाएं बेबुनियाद हैं.
आदित्य साहू ने कहा कि खनिज पर उपकर (सेस) का विषय केवल Jharkhand से जुड़ा नहीं है, बल्कि पूरे देश से संबंधित है. संशोधन का उद्देश्य व्यवस्था में एकरूपता लाना है. उन्होंने कहा कि केंद्र Government खनिज क्षेत्र में एक समान व्यवस्था बनाने की कोशिश कर रही है. यह विधेयक राज्यों के भूमि और खनिज संबंधी अधिकार खत्म नहीं करता. उन्होंने कहा कि संशोधन के तहत राज्य Governmentें खनिजों पर कर, सेस या अन्य लेवी लगा सकती हैं, लेकिन इसके लिए केंद्र द्वारा निर्धारित नियमों और शर्तों का पालन करना होगा.
साहू ने दावा किया कि इससे राज्यों को मिलने वाली रॉयल्टी, नीलामी प्रीमियम, जिला खनिज फाउंडेशन, राष्ट्रीय खनिज अन्वेषण ट्रस्ट और GST में हिस्सेदारी पर कोई असर नहीं पड़ेगा. भाजपा नेता ने कहा कि विधेयक खनन क्षेत्र को अधिक पारदर्शी, प्रतिस्पर्धी और निवेश के अनुकूल बनाने की दिशा में कदम है. इससे निवेश, उत्पादन, रोजगार, बुनियादी ढांचे और ऊर्जा सुरक्षा को बढ़ावा मिलेगा. साहू ने Chief Minister द्वारा मंईयां सम्मान और अबुआ आवास जैसी योजनाओं पर असर पड़ने की आशंका जताए जाने पर भी सवाल उठाया.
उन्होंने कहा कि Government अपनी नाकामियों से ध्यान हटाने के लिए इन योजनाओं के बंद होने का डर दिखा रही है. उन्होंने Jharkhand में खनिज ब्लॉकों की नीलामी को लेकर राज्य Government पर निशाना साधते हुए कहा कि देश में 434 खनिज ब्लॉकों की नीलामी हुई, जबकि Jharkhand में केवल तीन ब्लॉकों की नीलामी हो सकी. उन्होंने कहा कि Odisha में 45 और छत्तीसगढ़ में 49 खनिज ब्लॉकों की नीलामी हुई है. उनके मुताबिक, राज्य Government को खनिज क्षेत्र से राजस्व बढ़ाने के लिए नीलामी पर ध्यान देना चाहिए.
साहू ने डीएमएफ फंड में कथित अनियमितताओं का आरोप भी लगाया. उन्होंने कहा कि बोकारो, चाईबासा, रांची, कोडरमा, रामगढ़ और धनबाद समेत कई जिलों में करीब 2,000 करोड़ रुपये की कथित गड़बड़ी हुई है. उन्होंने बोकारो में 631 करोड़ रुपये की कथित अनियमितता का भी दावा किया. हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
उन्होंने कहा कि Jharkhand में छात्र परीक्षा और भर्ती में कथित अनियमितताओं को लेकर आंदोलन कर रहे हैं. ऐसे समय में Chief Minister द्वारा नए आंदोलन की घोषणा से सवाल उठता है कि कहीं Government छात्रों के मुद्दे से लोगों का ध्यान तो नहीं भटका रही है.
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एसएनसी/पीएम