महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण: सीएम भजनलाल शर्मा

jaipur, 15 अप्रैल . Rajasthan के Chief Minister भजन लाल शर्मा ने Wednesday को कहा कि ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ राजनीति में महिलाओं की भागीदारी को मजबूत करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है. यह अधिनियम संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करता है.

बिरला ऑडिटोरियम में ‘नारी शक्ति वंदन सम्मेलन’ को संबोधित करते हुए Chief Minister शर्मा ने कहा कि Prime Minister Narendra Modi के नेतृत्व में यह कानून महिलाओं को शासन, नीति-निर्माण, शिक्षा और राष्ट्रीय सुरक्षा में सक्रिय रूप से योगदान देने के लिए सशक्त बनाएगा.

Chief Minister ने महिलाओं से यह भी आग्रह किया कि वे एक समर्पित नंबर पर मिस्ड कॉल देकर इस अधिनियम के प्रति अपना समर्थन व्यक्त करें.

राष्ट्र-निर्माण में महिलाओं की भूमिका के महत्व पर जोर देते हुए सीएम शर्मा ने कहा कि India की सांस्कृतिक परंपरा ने हमेशा महिलाओं के सशक्तिकरण पर जोर दिया है. उन्होंने कहा कि महिलाएं न केवल घर-परिवार संभाल रही हैं, बल्कि स्टार्टअप, शिक्षा, खेल, विज्ञान और Police बल जैसे क्षेत्रों में भी बेहतरीन प्रदर्शन कर रही हैं.

Chief Minister ने महिलाओं के उत्थान के लिए कई पहल शुरू करने का श्रेय केंद्र Government को दिया. इनमें जन धन योजना, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, Prime Minister उज्ज्वला योजना और स्वच्छ India मिशन जैसी योजनाएं शामिल हैं. उन्होंने कहा कि इन योजनाओं से महिलाओं की आर्थिक भागीदारी, गरिमा और जीवन की समग्र गुणवत्ता में सुधार हुआ है. शर्मा ने कहा कि राज्य Government महिलाओं की सुरक्षा और गरिमा सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है.

उन्होंने बताया कि अलग-अलग पहलों के तहत 20 लाख से ज्यादा महिलाओं को ट्रेनिंग दी गई है, जिससे 16 लाख से ज्यादा ‘लखपति दीदियां’ बनी हैं.

लाडो प्रोत्साहन योजना जैसी योजनाओं से 6.5 लाख से ज्यादा लड़कियों को फायदा हुआ है, जबकि Prime Minister मातृ वंदना योजना के तहत मिलने वाली आर्थिक मदद को बढ़ाकर 6,500 रुपए कर दिया गया है.

उन्होंने आगे कहा कि महिलाओं की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 600 कालिका पेट्रोलिंग यूनिट और 65 एंटी-रोमियो स्क्वॉड तैनात किए गए हैं; इसके साथ ही एलपीजी सब्सिडी और खास मौकों पर मुफ्त सफर जैसी सुविधाएं भी दी जा रही हैं.

उप-Chief Minister दीया कुमारी ने कहा कि महिलाओं का सशक्तिकरण राज्य और केंद्र, दोनों Governmentों की नीतियों का मुख्य केंद्र है.

उन्होंने आरक्षण कानून को एक ऐतिहासिक सुधार बताया, जो यह पक्का करेगा कि फैसले लेने और शासन-प्रशासन में महिलाओं की आवाज सुनी जाए.

इस कार्यक्रम में मंत्रियों, सांसदों, अधिकारियों और बड़ी संख्या में महिलाओं तथा छात्रों ने भी हिस्सा लिया.

एमएस/

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