यूपी में गरीबों को पक्का मकान देने पर सरकार का फोकस, विधवा-दिव्यांग और वंचितों को प्राथमिकता

Lucknow, 25 अगस्त . उत्तर प्रदेश Government ने ग्रामीण क्षेत्रों में गरीब और वंचित परिवारों को पक्का मकान उपलब्ध कराने की कवायद तेज कर दी है. उपChief Minister केशव प्रसाद मौर्य ने ग्राम विकास विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि Chief Minister आवास योजना-ग्रामीण में असहाय विधवा महिलाओं, दिव्यांगजनों, दैवीय आपदा एवं गंभीर बीमारी से प्रभावित परिवारों, अनुसूचित जाति-जनजाति और अन्य पात्र वंचित परिवारों को प्राथमिकता दी जाए. Government ने गत वर्ष ग्रामीण क्षेत्रों में 1.16 लाख नए पक्के मकानों की कार्ययोजना तैयार की है.

उपChief Minister ने कहा कि कोई भी पात्र गरीब परिवार कच्चे और असुरक्षित मकान में रहने के लिए मजबूर न हो, यह Government की प्राथमिकताओं में शामिल है. उन्होंने अधिकारियों को सभी जिलों में पात्र लाभार्थियों की जिलेवार सूची तैयार कर पात्रता के आधार पर पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता से आवास आवंटित करने के निर्देश दिए.

मौर्य ने कहा कि Chief Minister आवास योजना के माध्यम से अब तक करीब पांच लाख परिवारों को पक्का आवास उपलब्ध कराया जा चुका है. उन्होंने अधिकारियों से कहा कि निर्धारित लक्ष्य को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के साथ यह भी सुनिश्चित किया जाए कि योजना का लाभ वास्तविक जरूरतमंद परिवारों तक ही पहुंचे. उन्होंने स्पष्ट किया कि लाभार्थियों के चयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही, अनियमितता या पक्षपात स्वीकार नहीं किया जाएगा.

अधिकारियों को गांव-गांव जाकर पात्र परिवारों का वास्तविक चिन्हांकन करने के निर्देश देते हुए उन्होंने विशेष रूप से विधवा महिलाओं, दिव्यांगजनों, आपदा और गंभीर बीमारी से प्रभावित परिवारों तथा सामाजिक रूप से वंचित लोगों की स्थिति का संवेदनशीलता के साथ आकलन करने को कहा. उपChief Minister ने कहा कि गरीब परिवार के लिए पक्का मकान सिर्फ एक भवन नहीं, बल्कि सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता का आधार है. Prime Minister आवास योजना और Chief Minister आवास योजना के जरिए Government समाज के अंतिम पायदान पर खड़े परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध है.

उन्होंने अधिकारियों को आवास निर्माण में गुणवत्ता से किसी भी तरह का समझौता नहीं करने और निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए. साथ ही कहा कि लाभार्थियों के सामने आने वाली समस्याओं का तत्काल समाधान किया जाए, ताकि Governmentी योजना का लाभ लेने में किसी पात्र व्यक्ति को अनावश्यक परेशानी न हो.

मौर्य ने कहा कि आवास योजना में पारदर्शिता, पात्रता और समयबद्धता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए. उन्होंने अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने को कहा कि Government की योजनाओं का लाभ किसी सिफारिश या पक्षपात के आधार पर नहीं, बल्कि वास्तविक जरूरत और पात्रता के आधार पर समाज के सबसे जरूरतमंद परिवार तक पहुंचे.

विकेटी/डीएससी

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