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Wednesday, 21 October 2026
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अमेरिका सैन्य क्षेत्र में 1.5 ट्रिलियन डॉलर का निवेश करना चाहता है: रक्षा मंत्री हेगसेथ

अमेरिका सैन्य क्षेत्र में 1.5 ट्रिलियन डॉलर का निवेश करना चाहता है: रक्षा मंत्री हेगसेथ

वाशिंगटन, 21 अक्टूबर . रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि ट्रंप प्रशासन अमेरिका की सेना में 1.5 ट्रिलियन डॉलर का निवेश चाहता है. इसका उद्देश्य हथियारों के उत्पादन में तेजी लाना, स्वायत्त युद्ध क्षमताओं का विस्तार करना और विदेशी रक्षा आपूर्ति शृंखलाओं पर निर्भरता को कम करना है.

ओहियो और विस्कॉन्सिन के दौरे के दौरान रक्षा उद्योग के कर्मचारियों को संबोधित करते हुए हेगसेथ ने कहा कि पेंटागन अपनी खरीद प्रणाली में व्यापक बदलाव कर रहा है. इसका उद्देश्य भविष्य के उन संघर्षों के लिए तैयार होना है, जिनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, बिना चालक वाले हथियार और उन्नत संचार प्रणालियां शामिल होंगी. प्रस्तावित खर्च अमेरिकी सैन्य निवेश में एक बड़ा विस्तार होगा.

डेटन, ओहियो में सिएरा नेवादा कॉर्पोरेशन में उन्होंने कहा कि प्रशासन अमेरिकी विनिर्माण को मजबूत करना चाहता है और पारंपरिक खरीद प्रणालियों की तुलना में कहीं अधिक तेजी से सैन्य प्रौद्योगिकियों को विकसित करना चाहता है.

हेगसेथ ने कहा, “हम 1.5 ट्रिलियन डॉलर के निवेश की मांग कर रहे हैं. यह एक ऐसा निवेश होगा जो आने वाली पीढ़ियों के काम आएगा और इससे यह सुनिश्चित होगा कि हम दुनिया की सबसे मजबूत और शक्तिशाली सेना बने रहें.”

उन्होंने कांग्रेस से एक ऐसे पैकेज को मंजूरी देने का भी आग्रह किया, जो रक्षा से जुड़ी प्राथमिकताओं के लिए कम से कम 350 अरब डॉलर की राशि उपलब्ध कराए. रक्षा सचिव ने कहा कि निर्माताओं को दीर्घकालिक निश्चितता देने और नई उत्पादन सुविधाओं में निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए अतिरिक्त संसाधनों की आवश्यकता है.

उन्होंने तर्क दिया कि पेंटागन अब ऐसे अधिग्रहण कार्यक्रमों को बर्दाश्त नहीं कर सकता, जिनमें हथियार और सैन्य उपकरण मिलने में एक दशक या उससे अधिक का समय लग जाता है. इसके बजाय, विभाग ऐसी महत्वपूर्ण क्षमताएं चाहता था जो कुछ महीनों या कुछ वर्षों के भीतर उपलब्ध हो सकें.

हेगसेथ ने कहा कि भविष्य के संघर्ष काफी हद तक कई क्षेत्रों में काम करने की क्षमता पर निर्भर करेंगे, जिनमें अंतरिक्ष, पानी के नीचे का वातावरण, साइबरस्पेस और स्वायत्त (ऑटोनॉमस) सिस्टम शामिल हैं.

उन्होंने ‘प्रोजेक्ट मेरिडियन’ का उदाहरण दिया, जो हाल ही में शुरू की गई एक पहल है. इसका उद्देश्य सैन्य प्लेटफॉर्मों के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाना और नई तकनीकों को तेजी से शामिल करना है. विभाग एक ‘ऑटोनॉमस वारफेयर कमांड’ भी विकसित कर रहा था.

उन्होंने इसे चार-स्टार कमांड बताया, जिसकी जिम्मेदारी संयुक्त रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मानवरहित सैन्य सिस्टम (अनमैन्ड मिलिट्री सिस्टम) को संभालना होगी. यह प्रस्तावित कमांड सशस्त्र बलों में स्वायत्त क्षमताओं की तैनाती के समन्वय में मदद करेगी.

हेगसेथ ने कहा कि सुरक्षित घरेलू उत्पादन और भरोसेमंद सप्लाई चेन के बिना, केवल तकनीकी श्रेष्ठता काफी नहीं होगी. उन्होंने कहा, “जो कोई भी समुद्र के नीचे और चंद्रमा के आसपास के अंतरिक्ष (सिसलूनर) क्षेत्र को नियंत्रित करेगा, वही अगली लड़ाई में अपना दबदबा बनाए रखेगा.”

सिएरा नेवादा कॉर्पोरेशन में हेगसेथ ने ‘नेक्स्ट-जेनरेशन सर्वाइवेबल एयरबोर्न ऑपरेशंस सेंटर’ पर हो रहे काम का जिक्र किया. यह एक ऐसा सैन्य विमान है जिसे राष्ट्रीय आपातकाल (जिसमें परमाणु संकट भी शामिल है) के दौरान President के कमांड और कंट्रोल को सुरक्षित रखने के लिए डिजाइन किया गया है.

उन्होंने ‘ब्रॉलर’ और ‘मॉलर’ एयर-डिफेंस सिस्टम का भी जिक्र किया. उन्होंने बताया कि अमेरिकी कमांडर इनका इस्तेमाल दो अलग-अलग युद्ध क्षेत्रों में कर रहे हैं, ताकि अमेरिकी सेनाओं को ‘असममित हमलों’ से बचाया जा सके.

रक्षा सचिव ने कहा कि पेंटागन अब केवल स्थापित रक्षा ठेकेदारों पर निर्भर रहने के बजाय, छोटे निर्माताओं और नई तकनीक वाली कंपनियों के लिए भी खरीद के अवसर खोलना चाहता है.

उन्होंने कहा कि प्रशासन का लक्ष्य प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देकर और लंबी अवधि की खरीद का वादा करके, रक्षा क्षेत्र में कुछ और बड़े आपूर्तिकर्ता तैयार करना है. इस नई योजना के तहत जो कंपनियां नई फैक्ट्रियों, उपकरणों और कर्मचारियों में निवेश करेंगी, उन्हें 5 से 7 साल तक के उत्पादन के लिए अनुबंध मिल सकते हैं.

हेगसेथ ने कहा कि इससे निर्माताओं को अपनी क्षमता बढ़ाने में मदद मिलेगी और साथ ही Government को भी यह फायदा होगा कि उसे पहले से तय कीमतों पर सामान मिल सकेगा.

विस्कॉन्सिन की अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने आधुनिक हथियारों, विमानों और रडार प्रणालियों के लिए पुर्जे बनाने में छोटे व्यवसायों की भूमिका पर जोर दिया.

रक्षा सचिव ने यह भी वादा किया कि 2028 में मौजूदा प्रशासन का कार्यकाल खत्म होने से पहले पेंटागन अपना पूरा वित्तीय ऑडिट पूरा कर लेगा.

उन्होंने स्वीकार किया कि विभाग पहले कई बार कांग्रेस की ऑडिट संबंधी जरूरतों को पूरा करने में विफल रहा है. उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे सैन्य खर्च बढ़ेगा, वैसे-वैसे वित्तीय जवाबदेही को भी और मजबूत किया जाएगा.

हेगसेथ ने औद्योगिक आधुनिकीकरण कार्यक्रम को प्रशासन की व्यापक सैन्य रणनीति से जोड़ा, जिसमें मध्य पूर्व में चलाए जा रहे अभियान भी शामिल हैं. उन्होंने बताया कि हाल ही में उन्होंने अमेरिकी सेंट्रल कमांड के उन कर्मियों से मुलाकात की, जो ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने के प्रयासों में लगे हुए हैं.

‘स्मॉल बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन’ की प्रशासक केली लोफ्लर ने बताया कि पेंटागन के साथ मिलकर एक संयुक्त पहल छोटे रक्षा निर्माताओं की मदद कर रही है. इसके तहत महत्वपूर्ण खनिजों और औद्योगिक कच्चे माल से जुड़े लगभग 175 मिलियन डॉलर के संभावित सौदे होने वाले हैं.

अमेरिका का रक्षा बजट दुनिया में सबसे बड़ा है और उसका सैन्य अड्डों, गठबंधनों तथा विदेशों में तैनात सैन्य बलों का एक विशाल नेटवर्क है. इसके रक्षा औद्योगिक आधार में बड़े ठेकेदारों के साथ-साथ हजारों छोटी कंपनियां भी शामिल हैं, जो विशेष पुर्जे और तकनीकें तैयार करती हैं.

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ओपी/एएस

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