Saturday , 31 October 2020

सूखे प्रदेश में रहने के कारण इंसानों का खून पीते हैं मच्छर


नई दिल्‍ली . मच्छरों ने इंसानों और अन्य जानवरों का खून पीना इसलिए शुरू किया, क्योंकि वो सूखे प्रदेश में रहते थे. दरअसल, मच्छरों को अपने प्रजनन के लिए पानी नहीं मिलता तो वे इंसानों या जानवरों का खून चूसना शुरू कर देते हैं. न्यू जर्सी की प्रिंसटन यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने कुछ समय पहले अफ्रीका के एडीस एजिप्टी मच्छरों का अध्ययन किया था. जिससे जीका वायरस फैलता है. डेंगू और पीला बुखार भी इसी कारण होता है.

रिपोर्ट के मुताबिक, अफ्रीका के मच्छरों में एडीस एजिप्टी मच्छर की कई प्रजातियां हैं. सारी प्रजातियों के मच्छर खून नहीं पीते. प्रिंसटन यूनिवर्सिटी की शोधकर्ता नोआह रोज ने इस रिपोर्ट में दावा किया था कि किसी ने अभी तक मच्छरों की विभिन्न प्रजातियों के खान-पान को लेकर अध्ययन नहीं किया. हमने अफ्रीका के सब-सहारन रीजन के 27 जगहों से एडीस एजिप्टी मच्छर के अंडे लिए. इन अंडों से मच्छरों को निकलने दिया.

फिर इन्हें इंसान, अन्य जीव, गिनी पिग जैसे लैब में बंद डिब्बों में छोड़ दिया ताकि उनके खून पीने के पैटर्न को समझ सकें. बता दें कि मच्छरों के अंदर ये बदलाव कई हजार साल में आया है. एडीस एजिप्टी मच्छरों की खास बात ये थी कि बढ़ते शहरों की वजह से पानी की किल्लत से जूझने लगे. तब जाकर इन्हें इंसानों का खून पीने की जरूरत पड़ने लगी, लेकिन जहां इंसान पानी जमा करके रखते हैं, वहां एनोफिलीस मच्छरों को कोई दिक्कत नहीं होती है.