
Bengaluru, 25 फरवरी . कर्नाटक भाजपा अध्यक्ष और विधायक बीवाई विजयेंद्र ने Wednesday को दवाओं की खरीद में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए Governmentी अस्पतालों में दवाओं की कमी के लिए राज्य Government को जिम्मेदार ठहराया.
विजयेंद्र ने दावा किया कि Governmentी अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में दवाओं की कमी के लिए राज्य Government और संबंधित मंत्री जिम्मेदार हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि एक असरदार व्यक्ति के दबाव में खरीद में गड़बड़ियां हो रही थीं और भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने के लिए कॉन्ट्रैक्ट बांटे जा रहे थे. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कंपनियां 15-20 परसेंट कमीशन की मांग के कारण टेंडर में हिस्सा लेने से हिचकिचा रही थीं, जिससे सप्लाई में रुकावट आ रही थी.
विजयेंद्र ने मंगलुरु के एक प्राइवेट व्यक्ति, वहाब खान पर राज्य के दवा खरीद सिस्टम को कंट्रोल करने का भी आरोप लगाया और दावा किया कि उसके असर के कारण यह सिस्टम खत्म हो गया और गरीब मरीज़ों को मुश्किल हो रही है. उन्होंने हेल्थ मिनिस्टर दिनेश गुंडू राव को यह बताने की चुनौती दी कि टेंडर कथित तौर पर एक ही व्यक्ति को क्यों दिए गए और दवाएं मार्केट रेट से तीन गुना ज्यादा कीमत पर क्यों खरीदी जा रही थीं. उन्होंने आरोप लगाया कि 108 एम्बुलेंस ड्राइवरों और हेल्परों को पिछले आठ से नौ महीनों से सैलरी नहीं दी गई है और Government से इस मुद्दे को तुरंत हल करने की अपील की.
विजयेंद्र ने दावा किया कि एम्बुलेंस स्टाफ और डॉक्टरों को विरोध करने के लिए मजबूर होना पड़ा क्योंकि Government उनकी चिंताओं को दूर करने में नाकाम रही. हेल्थ सेक्टर को संभालने में राज्य Government की आलोचना करते हुए, उन्होंने आरोप लगाया कि Governmentी अस्पतालों में दवाओं की भारी कमी है और गरीब मरीजों को प्राइवेट फार्मेसी से दवाएं खरीदने के लिए मजबूर किया जा रहा है. उन्होंने Government पर Prime Minister Narendra Modi से जुड़े Political कारणों से Governmentी अस्पताल परिसर में जन औषधि केंद्रों को बंद करने की कोशिश करने का भी आरोप लगाया.
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि Government ने सीटी स्कैन और एमआरआई सेवाएं देने वाली एक प्राइवेट एजेंसी को 143 करोड़ रुपए का बकाया नहीं दिया है, जिससे गरीब मरीजों को ज़रूरी डायग्नोस्टिक सुविधाओं से वंचित होना पड़ रहा है और गर्भवती महिलाओं को मुश्किलें हो रही हैं. राज्य Government पर बिचौलियों को बचाने का आरोप लगाते हुए उन्होंने दावा किया कि प्रशासन उपलब्धियों पर ध्यान देते हुए गरीब लोगों की पीड़ा को नजरअंदाज कर रहा है.
उन्होंने Chief Minister सिद्धारमैया और उपChief Minister से कहा कि वे झूठे दावे करना बंद करें और राज्य के ज़रूरी मुद्दों को हल करने पर ध्यान दें. विजयेंद्र ने आरोप लगाया कि राज्य Government शासन की जिम्मेदारी लेने में नाकाम रही है और मौजूदा समस्याओं के लिए पिछली भाजपा Government और केंद्र को दोष देती रही है. उन्होंने आगे कहा कि Chief Minister , जिन्होंने 16 बजट पेश किए हैं और पूर्व Chief Minister देवराज उर्स का रिकॉर्ड तोड़ा है, उन्हें राज्य के सामने आने वाली चुनौतियों से निपटने के लिए अपने अनुभव का इस्तेमाल करना चाहिए.
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पीएसके