केटीआर ने बीआरएस कार्यकर्ताओं से तेलंगाना की रक्षा का संकल्प लेने का आग्रह किया

हैदराबाद, 27 अप्रैल . India राष्ट्र समिति (बीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव ने Monday को पार्टी कार्यकर्ताओं से पार्टी के स्थापना दिवस पर तेलंगाना की रक्षा करने का संकल्प लेने का आह्वान किया. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस Government के तहत राज्य को नुकसान का सामना करना पड़ रहा है.

केटीआर ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, “पार्टी के स्थापना दिवस पर, आइए हम एक बार फिर संकल्प लें. तेलंगाना की रक्षा के लिए, आइए हम एक बार फिर उठ खड़े हों और लाखों की संख्या में एकजुट होकर एक साथ खड़े हों.”

पूर्व मंत्री ने पार्टी कार्यकर्ताओं से तेलंगाना के 26वें स्थापना दिवस के अवसर पर इसके पुनर्निर्माण के लिए खुद को फिर से समर्पित करने का आग्रह किया.

केटीआर ने कहा कि पार्टी एक आंदोलन से पैदा हुई थी, इसलिए बीआरएस ने दिल्ली को एक अलग राज्य का गठन करने के लिए मजबूर किया. उन्होंने यह भी दावा किया कि एक दशक तक सत्ताधारी पार्टी के रूप में इसने तेलंगाना को प्रगति के रास्ते पर आगे बढ़ाया.

उन्होंने लिखा, “आज, मुख्य विपक्षी दल के रूप में हम लाखों लोगों के हितों के लिए पूरी मजबूती से खड़े हैं. इस अक्षम Government के खिलाफ हमने संघर्ष शुरू कर दिया है और तेलंगाना की आवाज बनकर हम पूरी शान से खड़े हैं.”

केटीआर ने बीआरएस को जनता के साथ अपने मजबूत संबंध का प्रतीक बताया और गुलाबी झंडे को तेलंगाना की स्वाभिमानी Political पहचान का प्रतिनिधित्व करने वाला कहा.

केटीआर ने कहा कि के. चंद्रशेखर राव के नेतृत्व में पार्टी की ढाई दशकों की यात्रा ऐतिहासिक संघर्षों और उपलब्धियों से भरी रही है.

इससे पहले दिन में, उन्होंने स्थापना दिवस के अवसर पर बीआरएस मुख्यालय, तेलंगाना भवन में पार्टी का झंडा फहराया. इस समारोह में पार्टी के कई नेताओं ने हिस्सा लिया.

उन्होंने अपनी बहन के. कविता द्वारा की गई कुछ टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया. कविता ने 25 अप्रैल को ‘तेलंगाना राष्ट्र सेना’ (टीआरएस) नाम से एक नई Political पार्टी बनाई थी. पिछले साल अपने पिता और पार्टी अध्यक्ष के. चंद्रशेखर राव (केसीआर) द्वारा निलंबित किए जाने के बाद उन्होंने बीआरएस छोड़ दी थी और इसके बाद उन्होंने केसीआर और केटीआर दोनों की आलोचना भी की थी.

कविता ने केसीआर को एक बदला हुआ इंसान बताया था और यह भी कहा था कि केटीआर को कुछ नहीं पता.

बीआरएस ने पूरे राज्य में स्थापना दिवस समारोह का आयोजन किया. केटीआर ने पार्टी कार्यकर्ताओं से इस दिन के अवसर पर हर गांव, कस्बे, विधानसभा क्षेत्र और जिला मुख्यालय में पार्टी के झंडे फहराने का आह्वान किया था.

Sunday को पार्टी नेताओं के साथ एक टेलीकॉन्फ्रेंस में केटीआर ने बताया कि हाल ही में जगतियाल में आयोजित विशाल जनसभा को देखते हुए और मौजूदा भीषण गर्मी को ध्यान में रखते हुए इस बार पूरे सत्र को केवल राज्य कार्यकारिणी समिति की बैठक तक ही सीमित रखा गया है.

इस बैठक के लिए निमंत्रण विशेष रूप से राज्य कार्यकारिणी समिति के सदस्यों, सांसदों, विधायकों, एमएलसी, जिला अध्यक्षों, पूर्व जन प्रतिनिधियों और विभिन्न निगमों के पूर्व अध्यक्षों को भेजे गए हैं.

केसीआर ने तेलंगाना आंदोलन को फिर से जीवित करने के लिए 2001 में तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) का गठन किया था. 2 जून 2014 को अलग राज्य का सपना साकार हुआ. 2022 में टीआरएस ने अपना नाम बदलकर बीआरएस कर लिया, जिसके साथ ही केसीआर ने पार्टी का विस्तार अन्य राज्यों में करने की योजना बनाई.

हालांकि तेलंगाना में लगभग एक दशक तक शासन करने के बाद, 2023 में बीआरएस को कांग्रेस के हाथों सत्ता गंवानी पड़ी. 2024 के Lok Sabha चुनावों में भी पार्टी को शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा और उसे एक भी सीट नहीं मिली, जो उसका अब तक का सबसे खराब प्रदर्शन था.

एमएस/

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