Skip to content
Friday, 16 October 2026
Hindi Daily Kiran India, Rajasthan, business, sports, tech और अन्य श्रेणियों की ताज़ा हिन्दी ख़बरें।
BREAKING
राजनीति,राष्ट्रीय

कांग्रेस सांसदों ने संसद के मकर द्वार पर किया प्रदर्शन, छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के लिए अमित शाह से मांगा जवाब

कांग्रेस सांसदों ने संसद के मकर द्वार पर किया प्रदर्शन, छात्रों पर Police कार्रवाई के लिए अमित शाह से मांगा जवाब

New Delhi, 30 जुलाई . संसद के मानसून सत्र के दौरान Thursday को कांग्रेस सांसदों ने प्रियंका गांधी वाड्रा के नेतृत्व में संसद के मकर द्वार पर विरोध प्रदर्शन किया. उन्होंने 20 जुलाई को सीजेपी प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हुई Police कार्रवाई को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से जवाब मांगा. विपक्ष ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान छात्रों पर लाठीचार्ज, आंसू गैस और पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया, जिसकी जवाबदेही तय होनी चाहिए.

कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा और अन्य विपक्षी सांसदों ने प्रदर्शन के दौरान कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से विरोध कर रहे छात्रों और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ बल प्रयोग गंभीर चिंता का विषय है. उन्होंने गृह मंत्री से संसद में इस मामले पर बयान देने की मांग की.

कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने से बात करते हुए कहा कि भाजपा इस मुद्दे से बचने की कोशिश कर रही है, जबकि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह संविधान के अनुच्छेद 75 के तहत संसद के प्रति जवाबदेह हैं. उन्होंने कहा कि कांग्रेस संसदीय दल की बैठक में आगे की रणनीति तय की जाएगी और Lok Sabha व राज्यसभा में समान मुद्दे उठाए जाएंगे. उनका कहना था कि विपक्ष लगातार Government से जवाब मांग रहा है, लेकिन Government चर्चा से बच रही है.

प्रमोद तिवारी ने इस दौरान राम मंदिर निर्माण से जुड़े चढ़ावा और वित्तीय अनियमितताओं का मुद्दा भी उठाया. उन्होंने बताया कि इस संबंध में उन्होंने संसद में नोटिस दिया है. Supreme Court के निर्देश पर गठित ट्रस्ट के माध्यम से मंदिर निर्माण होना था, लेकिन मंदिर के नाम पर आर्थिक अनियमितताएं हुईं. उन्होंने दावा किया कि 2 करोड़ रुपये की जमीन 17 करोड़ रुपए में खरीदी गई तथा उद्घाटन समारोह पर 111 करोड़ रुपए खर्च किए गए.

उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिर के नाम पर जुटाए गए चढ़ावे में गड़बड़ियां हुई हैं तथा इस पूरे मामले की जिम्मेदारी केंद्र Government पर है. Government को इस मामले पर सदन में जवाब देने और इसमें शामिल लोगों पर कार्रवाई करने की मांग की.

कांग्रेस सांसद के.सी. वेणुगोपाल ने भी Government पर हमला बोलते हुए कहा कि दिल्ली में छात्रों के खिलाफ Police कार्रवाई का आदेश किसने दिया, इसका जवाब गृह मंत्री को देना चाहिए.

उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों पर गोली चलाने और बल प्रयोग जैसे गंभीर मामलों पर Government चुप्पी साधे हुए है. वेणुगोपाल ने कहा कि विपक्ष के नेता को भी सदन में अपनी बात रखने का अवसर नहीं दिया जा रहा है, जिससे लोकतांत्रिक परंपराओं को नुकसान पहुंच रहा है.

कांग्रेस सांसद उज्ज्वल रमन सिंह ने कहा कि यदि देश में सच बोलने के लिए माफी मांगनी पड़े तो यह लोकतंत्र के लिए दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति होगी. यदि छात्रों पर पैलेट गन, आंसू गैस और अन्य बल प्रयोग हुआ है तो इसके लिए जिम्मेदार कौन है. उन्होंने कहा कि यदि Government पर आरोप लगाए जा रहे हैं तो उसे सदन में आकर जवाब देना चाहिए, लेकिन Government जवाबदेही से बच रही है.

वहीं, सांसद कपिल सिब्बल ने कहा कि यदि पैलेट गन जैसी कार्रवाई हुई है तो इसके लिए किसी स्तर पर अनुमति अवश्य दी गई होगी. उन्होंने कहा कि यदि यह दावा किया जा रहा है कि अनुमति एसडीएम स्तर से दी गई थी, तो गृह मंत्री को स्पष्ट करना चाहिए कि क्या वह निर्णय सही था या गलत.

सिब्बल ने आरोप लगाया कि पहले भाजपा ने पैलेट गन के इस्तेमाल से इनकार किया, लेकिन बाद में इसके इस्तेमाल की बात स्वीकार करनी पड़ी. केंद्रीय गृह मंत्री की चुप्पी कई सवाल खड़े करती है और Government को संसद में इस पूरे मामले पर विस्तृत जवाब देना चाहिए.

–

एसएके/वीसी

Share