बिहार के विपुल होंगे सऊदी अरब में भारत के अगले राजदूत, सुहैल खान की लेंगे जगह

रियाद, 2 जून . कतर में India के राजदूत विपुल को सऊदी अरब का अगला राजदूत नियुक्त किया गया है. 1998 बैच के आईएफएस अधिकारी विपुल भारतीय राजदूत सुहैल खान की जगह पर जिम्मेदारी संभालेंगे.

1998 बैच के भारतीय सुरक्षा बल अधिकारी विपुल काहिरा, कोलंबो, जिनेवा और Dubai में स्थित भारतीय दूतावासों में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. उन्होंने अपने राजनयिक करियर में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सफलतापूर्वक निभाई हैं. राजनीति, व्यापार, विकास, निरस्त्रीकरण, अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा और मीडिया सहित विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट राजनयिक क्षमता का प्रदर्शन किया है.

उन्होंने विदेश मंत्रालय में कई महत्वपूर्ण पदों पर काम किया है. भारतीय राजदूत ने 2014 से 2017 तक भारतीय विदेश मंत्रालय में निदेशक/संयुक्त सचिव के रूप में और फिर 2017 से 2020 तक Dubai में भारतीय महावाणिज्यदूत के रूप में कार्य किया. उन्होंने 2020 से 2023 तक विदेश मंत्रालय में संयुक्त सचिव (खाड़ी क्षेत्र) के रूप में भी कार्य किया.

इसके बाद भारतीय राजदूत विपुल ने 17 अगस्त 2023 को महामहिम अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी के समक्ष कतर में भारतीय राजदूत के रूप में अपना आधिकारिक परिचय पत्र प्रस्तुत किया.

उन्होंने 1994 में प्रतिष्ठित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी), दिल्ली से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में स्नातक की उपाधि प्राप्त की और हैदराबाद के इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस से एमबीए भी किया है.

बिहार के मूल निवासी विपुल Madhya Pradesh के मूल निवासी डॉ. सुहैल एजाज खान का स्थान लेंगे, जो वर्तमान में रियाद में राजदूत के रूप में कार्यरत हैं. 2023 से सेवा दे रहे डॉ. सुहैल एजाज खान अपना कार्यकाल पूरा करने के बाद जल्द ही India लौटेंगे.

India और सऊदी के संबंध ऐतिहासिक, रणनीतिक और बहुआयामी हैं. दोनों देशों के बीच सहयोग ऊर्जा, व्यापार, निवेश, रक्षा, सुरक्षा, आतंकवाद-रोधी प्रयासों, प्रौद्योगिकी और लोगों के आपसी संपर्क जैसे क्षेत्रों तक फैला हुआ है.

सऊदी अरब India के प्रमुख ऊर्जा साझेदारों में से एक है और India अपनी तेल एवं गैस आवश्यकताओं का एक महत्वपूर्ण हिस्सा वहां से आयात करता है. वहीं, India सऊदी अरब के लिए एक महत्वपूर्ण व्यापारिक भागीदार है. हाल के वर्षों में दोनों देशों ने निवेश, बुनियादी ढांचा, नवीकरणीय ऊर्जा, डिजिटल प्रौद्योगिकी और खाद्य सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाया है.

रक्षा और सुरक्षा के क्षेत्र में भी दोनों देशों के संबंध मजबूत हुए हैं. India और सऊदी अरब के संबंधों को वर्ष 2010 में रणनीतिक साझेदारी और बाद में “स्ट्रेटजिक पार्टनरशिप काउंसिल” की स्थापना के माध्यम से नई गति मिली. इससे द्विपक्षीय सहयोग को संस्थागत आधार प्राप्त हुआ.

केके/वीसी

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