
New Delhi, 8 अक्टूबर . 57वीं GST परिषद की बैठक के बाद विभिन्न राज्यों के वित्त मंत्रियों और मुख्यमंत्रियों ने बैठक में लिए गए फैसलों का स्वागत किया. नेताओं ने कहा कि GST व्यवस्था को सरल बनाने, कारोबारियों की परेशानियां दूर करने और आम नागरिकों को अधिक सुविधाएं देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं.
दिल्ली की Chief Minister रेखा गुप्ता ने कहा कि GST परिषद की बैठक की सबसे अच्छी बात यह है कि सभी राज्य एक साथ बैठकर नागरिकों को अधिक सुविधाएं देने और GST के फ्रेमवर्क को आसान बनाने पर चर्चा करते हैं. उन्होंने कहा कि GST के बेहतर और प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर भी बैठक में विचार-विमर्श हुआ.
गोवा के Chief Minister प्रमोद सावंत ने भी 57वीं GST परिषद की बैठक में किए गए सुधारों का स्वागत किया. उन्होंने कहा कि बैठक में जो सुधार लाए गए हैं, वे लोगों की तकलीफों को दूर करने में मदद करेंगे. उन्होंने कहा कि इस बार लोगों को होने वाली परेशानियों को कम करने की दिशा में काम किया गया है.
पश्चिम बंगाल के वित्त मंत्री स्वपन दासगुप्ता ने कहा कि पश्चिम बंगाल जैसे राज्य के लिए GST हमेशा फायदेमंद रहा है और राज्य के राजस्व का एक बड़ा हिस्सा GST से आता है. उन्होंने कहा कि विभिन्न प्रस्तावों को तर्कसंगत बनाने और खासकर ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को बढ़ावा देने पर इस बार के संरचनात्मक सुधारों में काफी जोर दिया गया है.
उन्होंने कहा कि इन सुधारों का लंबे समय में पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों को फायदा होगा, क्योंकि इससे कामकाज आसान होगा. उन्होंने GST नियमों के अनुपालन को लेकर भी कहा कि यह अक्सर राज्य के लिए चुनौती रहा है, लेकिन अब इसे लेकर अधिक जागरूकता आई है. उन्होंने बैठक को बेहद सकारात्मक बताया.
उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि जब भी कारोबारियों की ओर से शिकायतें सामने आती थीं, उन्हें दूर करने और व्यवस्था को सरल बनाने के लिए GST परिषद ही सबसे उपयुक्त मंच रहा है. उन्होंने केंद्रीय Government और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि कारोबारियों को किसी तरह के उत्पीड़न से बचाने और उन्हें सुविधाएं देने के लिए हर संभव प्रयास किया गया है.
खन्ना ने कहा कि Prime Minister और केंद्रीय वित्त मंत्री का आभार है कि 3 सितंबर की बैठक में दरों के युक्तिकरण के जरिए देश की आम जनता को राहत दी गई. उन्होंने कहा कि इससे पूरे देश को लाभ मिला और राजस्व में कमी किए बिना आम लोगों को राहत पहुंचाई गई.
उन्होंने कहा कि अब 57वीं बैठक में कारोबारियों के लिए प्रक्रियाओं को सरल बनाया गया है. पंजीकरण से लेकर रिफंड तक, जहां भी कारोबारियों को परेशानी का सामना करना पड़ता था, वहां प्रक्रिया को आसान किया गया है. उन्होंने इसे कारोबारियों के लिए बड़ी दिवाली सौगात बताते हुए कहा कि GST कानून के तहत अनावश्यक गिरफ्तारी को लेकर भी राहत दी गई है.
उन्होंने कहा कि पहले आम जनता को राहत दी गई और अब कारोबारियों को राहत देने की दिशा में कदम उठाए गए हैं.
–
डीएससी