विपक्ष को भाजपा नेता का जवाब- ‘कानून-व्यवस्था बनाए रखना और सुरक्षा देना सरकार की जिम्मेदारी’, ओवैसी पर भी निशाना

हैदराबाद, 15 अक्टूबर . भाजपा की तेलंगाना इकाई के प्रमुख एन. रामचंद्र राव ने विपक्षी दलों के विरोध प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया दी है. राव ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना और सुरक्षा देना Government और प्रशासन की जिम्मेदारी है.

समाचार एजेंसी से बातचीत करते हुए एन. रामचंद्र राव ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना, सुरक्षा देना और सार्वजनिक व निजी संपत्ति की रक्षा करना Government और प्रशासन का कर्तव्य है. कांग्रेस पार्टी और कांग्रेस के छात्र संगठन (एनएसयूआई) ने सार्वजनिक शांति भंग करने की कोशिश की है, इसलिए प्रशासन को कुछ कदम उठाने पड़े. लेकिन अब कांग्रेस पार्टी और आम आदमी पार्टी इसका विरोध कर रहे हैं.

उन्होंने कहा, “कांग्रेस पार्टी को याद रखना चाहिए कि उनके कार्यकाल में इमरजेंसी लगाई गई थी और लोगों को बिना किसी कारण के जेल में डाल दिया गया था. यहां तक कि छोटे छात्रों को भी डीआईआर (India रक्षा अधिनियम) और ‘मीसा’ (आंतरिक सुरक्षा रखरखाव अधिनियम) के तहत जेल में डाल दिया गया था. आज, जब प्रशासन सार्वजनिक शांति बनाए रखने के लिए कदम उठा रहा है, तो ये लोग हंगामा कर रहे हैं. इसलिए, मुझे लगता है कि दिल्ली Police की ओर से उठाए गए कदमों पर कांग्रेस पार्टी या आम आदमी पार्टी को विरोध करने का कोई हक नहीं है.”

रामचंद्र राव ने हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी पर भी निशाना साधा. राव ने कहा, “असदुद्दीन ओवैसी ने Supreme Court में एक पुनर्विचार याचिका दायर की है. मुझे लगता है कि वे लोगों को गुमराह कर रहे हैं कि मतदाता सूची से अल्पसंख्यकों के नाम हटाए जा रहे हैं. यह सिर्फ लोगों को भ्रमित करने की कोशिश है. किसी भी अल्पसंख्यक मतदाता का नाम नहीं हटाया गया है.”

उन्होंने कहा, “हर Political दल का यह कर्तव्य है कि वह सुनिश्चित करे कि हर भारतीय नागरिक मतदाता बने. असदुद्दीन ओवैसी, जिन्होंने खुद इस प्रक्रिया में सक्रिय रूप से हिस्सा लिया था, अब कांग्रेस पार्टी की तरह ही वोट-बैंक की राजनीति के लिए लोगों को गुमराह कर रहे हैं. वे दावा कर रहे हैं कि मुसलमानों के वोट हटाए जा रहे हैं और इसी आधार पर वे रिव्यू पिटिशन दायर करने की कोशिश कर रहे हैं.”

राव ने कहा कि Supreme Court पहले ही इस प्रक्रिया (एसआईआर) पर कई स्पष्टीकरण दे चुका है. इस पर एक बहुत विस्तृत फैसला आया है, लेकिन फिर भी असदुद्दीन ओवैसी इन याचिकाओं को दायर करके केवल अल्पसंख्यक मतदाताओं के बीच अपनी स्थिति मजबूत करने की कोशिश कर रहे हैं. वहीं, कांग्रेस भी एसआईआर को हटाने के मुद्दे को केवल इसलिए उठा रही है, ताकि अल्पसंख्यकों के बीच अपना वोट बैंक मजबूत कर सके.

–

डीसीएच/

Leave a Comment