बिहार: एमएलसी चुनाव में हार पर जदयू की समीक्षा बैठक, नेताओं ने नेतृत्व के सामने रखीं बातें

Patna, 5 नवंबर . बिहार की राजधानी Patna में जनता दल (यूनाइटेड) ने विधान परिषद चुनाव में मिली हार के कारणों की समीक्षा के लिए बैठक की. बैठक के बाद पार्टी नेताओं ने कहा कि चुनाव से जुड़े अनुभव, संगठन की भूमिका और जिलेवार स्थिति पर फीडबैक लिया गया है. इसके आधार पर नेतृत्व आगे की रणनीति तय करेगा.
जदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन ने बताया कि बैठक में हार के कारणों को लेकर फीडबैक लिया गया है. वहीं, पार्टी प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि बैठक समाप्त होने से पहले ही निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है. उन्होंने बताया कि बैठक में उम्मीदवार, प्रभारी और जिलाध्यक्ष मौजूद थे और सभी ने अपनी-अपनी जानकारी नेतृत्व के सामने रखी.
नीरज कुमार ने कहा कि बैठक प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा के नेतृत्व में हुई, जिसमें राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष भी मौजूद थे. चुनाव में जीत या हार के बाद समीक्षा करना सामान्य प्रक्रिया है. उन्होंने कहा कि चुनाव और जिले से जुड़ी बातें नेतृत्व के समक्ष मजबूती से रखी गईं और नेताओं ने सभी की बातें इत्मीनान से सुनीं.
बैठक में शामिल नहीं होने की बात कहते हुए उन्होंने बताया कि वह फिलहाल Patna स्नातक क्षेत्र के काम में व्यस्त हैं. उन्होंने कहा कि समीक्षा में चुनाव का अनुभव, संगठन की भूमिका और नेतृत्व की समीक्षा जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई. नीरज कुमार के मुताबिक, बैठक में हर प्रत्याशी, प्रभारी और जिलाध्यक्ष को अपनी बात रखने का अवसर मिला.
उन्होंने कहा कि पार्टी संगठन को सर्वोपरि मानती है और नेतृत्व इस मामले को गंभीरता से देखेगा. हालांकि, बैठक के निष्कर्षों को लेकर अभी कोई औपचारिक जानकारी नहीं दी गई है.
तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जदयू के प्रत्याशी रहे अभिषेक झा ने कहा कि जरूरी बातें पार्टी के आंतरिक मंच पर रखी गई हैं, उन्हें मीडिया में रखने का कोई औचित्य नहीं था. उन्होंने कहा कि वह पार्टी के सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में काम करते रहेंगे और क्षेत्र के लोगों की सेवा करेंगे.
अभिषेक झा ने बड़ी संख्या में वोट देने वाले मतदाताओं के प्रति आभार जताया. साथ ही कहा कि विरोध करने वालों से भी इस चुनाव में बहुत कुछ सीखने को मिला है. अभिषेक झा ने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा इस विषय पर पहले ही प्रतिक्रिया दे चुके हैं, इसलिए उनकी ओर से अलग से कुछ कहना उचित नहीं होगा. उन्होंने यह भी कहा कि लोकतंत्र में किसी के आने-जाने पर रोक नहीं है. चुनाव में हार के बाद जदयू ने सीटवार समीक्षा की, जिसमें पार्टी के वरिष्ठ नेता और संबंधित प्रभारी शामिल हुए.
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एमएनपी/एएसएच


