दिल्ली में प्रतिबंधित पटाखों का सप्लायर गिरफ्तार, दिल्ली पुलिस ने 57.8 किलो पटाखे किए बरामद

New Delhi, 22 अक्टूबर . दिल्ली Police के उत्तर-पूर्वी जिले के एंटी-ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड (एएटीएस) ने प्रतिबंधित पटाखों के एक सप्लायर को पकड़ा है. Police ने Thursday को बताया कि उसके पास से 57.8 किलो प्रतिबंधित पटाखे बरामद किए गए हैं.
आरोपी की पहचान दिल्ली के अशोक नगर निवासी विशाल (35) के रूप में हुई है. जिले में प्रतिबंधित पटाखों की अवैध सप्लाई पर रोक लगाने के लिए चलाए गए एक विशेष अभियान के तहत उसे 21 अक्टूबर को पकड़ा गया.
Police के अनुसार, यह ऑपरेशन वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर एएटीएस की एक टीम द्वारा चलाया गया. इस टीम का नेतृत्व उत्तर-पूर्व जिले के एएटीएस प्रभारी, इंस्पेक्टर दीपक पांडे कर रहे थे. गुप्त सूचना मिलने पर टीम ने अशोक नगर इलाके में जाल बिछाया और आरोपी को उस समय पकड़ लिया, जब वह प्रतिबंधित पटाखों से भरे कई बोरे ले जा रहा था. इन पटाखों का कुल वजन 57.8 किलोग्राम था.
इस बरामदगी के बाद, ज्योति नगर Police स्टेशन में 21 अक्टूबर को रिपोर्ट दर्ज की गई. मामले की जांच शुरू कर दी गई है. Police ने बताया कि आरोपी पहले भी तीन आपराधिक मामलों में शामिल रहा है.
इस महीने की शुरुआत में एक अन्य घटना में, दिल्ली Police के ‘एंटी-ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड’ और हर्ष विहार Police स्टेशन की एक संयुक्त टीम ने मंडोली गांव में पटाखों के एक अवैध भंडारण केंद्र का भंडाफोड़ किया. Police ने वहां से 567.30 किलोग्राम पटाखे और उससे जुड़ी सामग्री बरामद की. Police ने Wednesday को बताया कि इस मामले में एक व्यक्ति को पकड़ा गया है.
Police के अनुसार, यह मामला 12 अक्टूबर को तब सामने आया, जब इलाके में गश्त कर रही Police टीम को सूचना मिली कि मंडोली में एक जगह पर पटाखे जमा करके रखे गए हैं. यह जानकारी तुरंत हर्ष विहार Police स्टेशन को दी गई, जिसके बाद Police की एक टीम मौके पर पहुंची.
मंडोली में Governmentी सीनियर सेकेंडरी स्कूल के पास गली नंबर 12 में एक घर की पहली मंजिल पर स्थित इस जगह पर Police को बड़ी मात्रा में पटाखे और उन्हें बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री मिली, जो कार्टन और बोरियों में रखी गई थी. बरामद सामग्री की जांच की गई, उसका वजन किया गया, उसके नमूने लिए गए और निर्धारित प्रक्रिया का पालन करते हुए उसे जब्त कर लिया गया.
इसके बाद, हर्ष विहार Police स्टेशन में बीएनएस की धारा 288 और विस्फोटक अधिनियम, 1884 की धारा 9बी के तहत एक First Information Report दर्ज की गई.
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एएसएच/पीएम


