गुवाहाटी में छात्रा की मौत पर सिंधिया सख्त, मांडविया से मुलाकात कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की

ग्वालियर/गुवाहाटी, 12 सितंबर . Union Minister ज्योतिरादित्य सिंधिया ने Saturday को Union Minister मनसुख मांडविया से आग्रह किया कि वे लक्ष्मी बाई नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फिजिकल एजुकेशन (एलएनआईपीई) के गुवाहाटी कैंपस में 22 वर्षीय छात्रा की मौत के बाद छात्रों द्वारा उठाई गई मांगों पर तुरंत कार्रवाई करें.

सिंधिया ने केंद्रीय युवा मामले और खेल मंत्री मनसुख मांडविया से बात की और श्रुति उपाध्याय के परिवार के लिए 50 लाख रुपए के मुआवजे की मांग की. साथ ही, उन्होंने गुवाहाटी में एलएनआईपीई-नॉर्थ ईस्टर्न रीजनल सेंटर (एनईआरसी) में मेडिकल लापरवाही और प्रशासनिक खामियों की निष्पक्ष जांच की भी मांग की.

उन्होंने जांच के बाद संबंधित वार्डन के खिलाफ उचित कार्रवाई की भी मांग की, जिसमें दोषी पाए जाने पर सस्पेंशन और नौकरी से हटाना शामिल है. यह मांग खासकर उन आरोपों को लेकर की गई कि श्रुति को जरूरी मेडिकल लीव या इलाज की अनुमति नहीं दी गई थी.

सिंधिया ने एलएनआईपीई, ग्वालियर के रजिस्ट्रार यतेंद्र कुमार सिंह को तुरंत हटाने या उनका ट्रांसफर करने की भी मांग की. बीपीएड की थर्ड ईयर की छात्रा और टेनिस खिलाड़ी श्रुति की मौत 8 सितंबर को नेमकेयर अस्पताल में हुई थी. उन्हें पेट में तेज दर्द की शिकायत थी.

साथी छात्रों के मुताबिक, श्रुति लगभग एक हफ्ते से बीमार थीं और पेट दर्द होने पर इंस्टीट्यूट के हेल्थ सेंटर गई थीं. उन्होंने आरोप लगाया कि श्रुति ने डॉक्टर को अपनी हालत के बारे में बताया था, लेकिन उनकी शिकायतों को नजरअंदाज कर दिया गया और उन्हें पेनकिलर दे दी गई.

बाद में उनकी हालत बिगड़ गई और उन्हें नेमकेयर अस्पताल रेफर कर दिया गया, जहां 8 सितंबर को उनकी मौत हो गई.

इस मौत के बाद गुवाहाटी और ग्वालियर कैंपस के छात्रों ने इंस्टीट्यूट द्वारा मामले को संभालने के तरीके पर सवाल उठाए हैं और मेडिकल लापरवाही व प्रशासनिक खामियों की जांच की मांग की है. सिंधिया ने कहा कि श्रुति की मौत के हालात बेहद दुखद हैं और उन्होंने उनके परिवार व छात्रों को भरोसा दिलाया कि मामले को निष्पक्षता से निपटाया जाएगा.

Union Minister सिंधिया ने Saturday को बयान में कहा, “अगर इस मामले में कोई दोषी पाया जाता है तो उसे किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा. श्रुति और उनके परिवार को निश्चित रूप से न्याय मिलेगा और निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.”

उन्होंने कहा कि उन्होंने छात्रों की मांगों को मांडविया के सामने रखा है और तुरंत जरूरी कार्रवाई करने का आग्रह किया है. सिंधिया ने कहा, “छात्रों की सुरक्षा और हित सबसे ज्‍यादा जरूरी हैं. अगर किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई जाती है तो जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए.”

उन्होंने श्रुति के परिवार और उनके चाहने वालों के प्रति संवेदना भी जताई और दिवंगत आत्मा की शांति तथा शोक-संतप्त परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की.

एएसएच/डीकेपी

Leave a Comment