पाकिस्तान के स्वामित्व वाले न्यूयॉर्क के रूजवेल्ट होटल सौदे पर अमेरिकी प्रतिनिधियों ने उठाए सवाल

वाशिंगटन, 7 मार्च . अमेरिका में इस सप्ताह एक संसदीय सुनवाई के दौरान उस समय तीखी बहस देखने को मिली, जब सांसदों ने न्यूयॉर्क स्थित रूजवेल्ट होटल से जुड़े एक रियल एस्टेट समझौते में अमेरिकी संघीय Government की भूमिका पर सवाल उठाए. यह होटल Pakistan की Governmentी एयरलाइन Pakistan इंटरनेशनल एयरलाइंस (पीआईए) के स्वामित्व में है और इससे जुड़ा समझौता Pakistan के रक्षा मंत्रालय के साथ किया गया है.

यह मामला अमेरिकी प्रतिनिधि सभा (हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स) की ट्रांसपोर्टेशन एंड इंफ्रास्ट्रक्चर सबकमेटी ऑन इकोनॉमिक डेवलपमेंट, पब्लिक बिल्डिंग्स एंड इमरजेंसी मैनेजमेंट की सुनवाई के दौरान सामने आया. इस बैठक में संघीय रियल एस्टेट प्रबंधन से जुड़े मामलों की समीक्षा की जा रही थी.

सुनवाई के दौरान डेमोक्रेटिक सांसद रिक लार्सन ने अमेरिकी जनरल सर्विसेज एडमिनिस्ट्रेशन (जीएसए) के प्रशासक एडवर्ड फोर्स्ट से सीधे सवाल पूछे. उन्होंने पूछा कि आखिर एक विदेशी Government के स्वामित्व वाली संपत्ति के पुनर्विकास (रीडेवलपमेंट) से जुड़े समझौते में अमेरिकी संघीय एजेंसी क्यों शामिल है.

लार्सन ने कहा, “आपने हाल ही में Pakistan के रक्षा मंत्रालय के साथ न्यूयॉर्क के रूजवेल्ट होटल के नवीनीकरण को लेकर एक एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं. मेरी जानकारी के अनुसार, यह होटल Pakistan इंटरनेशनल एयरलाइंस का है और यह अमेरिकी संघीय Government की संपत्ति नहीं है.”

उन्होंने आगे पूछा कि जीएसए, जिसका मुख्य काम अमेरिकी Government की संपत्तियों का प्रबंधन और निपटान करना है, वह आखिर एक विदेशी स्वामित्व वाली व्यावसायिक संपत्ति के मामले में क्यों चर्चा कर रही है.

लार्सन ने कहा, “मैं यह जानना चाहता हूं कि इस एमओयू का कानूनी आधार क्या है और अमेरिकी Government उस संपत्ति के पुनर्विकास में क्यों शामिल हो रही है, जो किसी विदेशी Government की है. जीएसए की भूमिका तो केवल संघीय Government की संपत्तियों के प्रबंधन तक सीमित है. यह बात समझ से परे है.”

इस पर जवाब देते हुए एडवर्ड फोर्स्ट ने पुष्टि की कि उन्होंने वास्तव में इस समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं, लेकिन उन्होंने स्पष्ट किया कि इससे अमेरिकी Government पर कोई बाध्यकारी जिम्मेदारी नहीं आती.

जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्होंने एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं, तो उन्होंने जवाब दिया, “हां, यह सही है कि मैंने उस पर हस्ताक्षर किए हैं.”

फोर्स्ट ने लॉमेकर्स को बताया कि यह पहल तब शुरू हुई जब Pakistan Government ने इस संपत्ति के संभावित विकास को लेकर अमेरिकी अधिकारियों से सहयोग का प्रस्ताव दिया.

उन्होंने कहा, “Pakistan Government ने इस संपत्ति को लेकर सहयोग की संभावना पर चर्चा के लिए स्टीव विटकॉफ से संपर्क किया था, क्योंकि वे इसे लेकर अब तक ज्यादा सफलता हासिल नहीं कर पाए थे.”

फोर्स्ट ने इस समझौते को केवल शुरुआती स्तर की बातचीत बताया. उन्होंने कहा, “यह वास्तव में शुरुआती चरण की चर्चा है, जिसमें हम मिलकर यह देखना चाहते हैं कि क्या इस स्थान को लेकर ऐसा कोई अवसर है, जिससे अमेरिका को भी लाभ हो सकता है.”

हालांकि रिक लार्सन इस स्पष्टीकरण से संतुष्ट नहीं दिखे. उन्होंने कहा कि जीएसए के पास पहले से ही अमेरिकी संघीय संपत्तियों से जुड़े बड़े काम हैं और उसे विदेशी संपत्तियों से जुड़े प्रोजेक्ट्स में शामिल होने की जरूरत नहीं है.

इस पर फोर्स्ट ने कहा कि उन्होंने बिना कानूनी सलाह के इस समझौते पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं. उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि प्रशासन इस एमओयू और उससे जुड़ी कानूनी राय की प्रतियां समिति को उपलब्ध कराएगा.

जब उनसे पूछा गया कि इस समझौते के तहत अमेरिका को क्या करना होगा, तो फोर्स्ट ने कहा कि यह केवल आगे बातचीत करने की प्रतिबद्धता है.

उन्होंने कहा, “ईमानदारी से कहूं तो यह हमें किसी काम के लिए बाध्य नहीं करता. यह सिर्फ अच्छे इरादे से साथ मिलकर यह देखने की बात करता है कि उस जगह के लिए कोई बेहतर समाधान निकल सकता है या नहीं.”

फोर्स्ट ने यह भी संकेत दिया कि भविष्य में इस इमारत का उपयोग पहले की तरह होटल के रूप में ही हो, यह जरूरी नहीं है.

उन्होंने कहा, “मेरे हिसाब से हमें इस बात पर अटकना नहीं चाहिए कि यह पहले एक होटल था. पुनर्विकास के बाद इसका इस्तेमाल किसी भी उद्देश्य के लिए किया जा सकता है.”

न्यूयॉर्क के मैनहैटन में स्थित रूजवेल्ट होटल एक ऐतिहासिक और प्रतिष्ठित इमारत है और Pakistan की विदेशों में मौजूद प्रमुख संपत्तियों में से एक माना जाता है. हालांकि, पिछले कुछ वर्षों में इस होटल को वित्तीय चुनौतियों का सामना करना पड़ा है, जिसके कारण इसके पुनर्विकास या वैकल्पिक उपयोग को लेकर चर्चा तेज हो गई है.

वीकेयू/एएस

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