
New Delhi, 19 मई . रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह अपने आधिकारिक वियतनाम दौरे पर हैं. इस दौरान उन्होंने Tuesday को यहां वियतनाम के जनरल सेक्रेटरी व President तो लाम से मुलाकात कर भारत-वियतनाम संबंधों को और मजबूत बनाने पर व्यापक चर्चा की.
बैठक के दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग, क्षेत्रीय सुरक्षा और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में स्थिरता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार-विमर्श हुआ. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वियतनाम के President तो लाम से की मुलाकात के दौरान रक्षा सहयोग को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई. मुलाकात के बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि वियतनाम के जनरल सेक्रेटरी और President तो लाम से मिलकर उन्हें सम्मान की अनुभूति हुई.
उन्होंने Prime Minister Narendra Modi की ओर से शुभकामनाएं भी पहुंचाईं और इस बात को दोहराया कि भारत, वियतनाम के साथ रक्षा सहयोग को और गहरा करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है. उन्होंने कहा कि रक्षा सहयोग, India और वियतनाम के बीच “एन्हांस्ड कॉम्प्रिहेंसिव स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप” का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है.
राजनाथ सिंह ने कहा कि India और वियतनाम के संबंध आपसी विश्वास, साझा मूल्यों और रक्षा एवं सुरक्षा क्षेत्र में करीबी सहयोग पर आधारित हैं. दोनों देश क्षेत्रीय शांति, स्थिरता और सुरक्षित समुद्री व्यवस्था के लिए मिलकर कार्य कर रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि India इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में संतुलन और सहयोग की नीति को आगे बढ़ाने के लिए वियतनाम के साथ अपने संबंधों को अत्यंत महत्वपूर्ण मानता है.
इससे पहले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वियतनाम के रक्षा मंत्री सीनियर लेफ्टिनेंट जनरल फान वान जियांग के साथ द्विपक्षीय बैठक की. बैठक में दोनों देशों के बीच तेजी से विकसित हो रहे रक्षा संबंधों की समीक्षा की गई. साथ ही समुद्री सुरक्षा, रक्षा उद्योग, सैन्य प्रशिक्षण और क्षेत्रीय स्थिरता के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के उपायों पर विस्तार से चर्चा हुई.
बैठक के बाद राजनाथ सिंह ने कहा कि India और वियतनाम के बीच रक्षा साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है. दोनों देशों ने रक्षा उत्पादन, क्षमता निर्माण, सैन्य प्रशिक्षण और समुद्री सहयोग को नई दिशा देने पर सहमति जताई है. उन्होंने कहा कि भारत, वियतनाम के साथ व्यापक रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है.
विशेषज्ञों के अनुसार India और वियतनाम के बीच बढ़ता रक्षा सहयोग इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में रणनीतिक संतुलन के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है. दोनों देश समुद्री सुरक्षा, स्वतंत्र नौवहन और क्षेत्रीय स्थिरता को लेकर समान दृष्टिकोण रखते हैं. ऐसे समय में जब क्षेत्रीय भू-Political चुनौतियां लगातार बढ़ रही हैं, India और वियतनाम का सहयोग एशिया में शांति और स्थिरता को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है.
गौरतलब है कि Tuesday को ही India और वियतनाम के बीच आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तथा क्वांटम तकनीक के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण समझौता हुआ है. यह समझौता रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी में हुआ. इसे दोनों देशों की व्यापक रणनीतिक साझेदारी में एक बड़ा और भविष्य उन्मुख कदम बताया जा रहा है. राजनाथ सिंह ने वियतनाम के साथ समुद्री सुरक्षा, रक्षा उद्योग, सैन्य प्रशिक्षण तथा क्षेत्रीय स्थिरता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा भी की है.
–
जीसीबी/एएस