
New Delhi, 16 जुलाई . Prime Minister Narendra Modi ने Thursday को दुनिया भर के कच्छी समुदाय को कच्छी नव वर्ष आषाढ़ी बीज के अवसर पर शुभकामनाएं दीं. Prime Minister ने एक पारंपरिक कच्छी कहावत भी शेयर की, जो अपनी मातृभूमि के साथ समुदाय के गहरे और अटूट बंधन को दर्शाती है.
Prime Minister Narendra Modi ने social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, “कच्छ के लोगों का अपना अंदाज है. जैसे समुद्र में मछलियां होती हैं, वैसे ही जो कच्छ में रहते हैं, वे कच्छ के ही होकर रह जाते हैं.आज आषाढ़ी बीज का पर्व है, यह खास तौर पर कच्छ का ही त्योहार है. देश-दुनिया में बसे कच्छ के भाई-बहनों को ‘राम-राम’ और ‘जीजी-जीजी’ कहकर अभिवादन किया जाता है.”
वहीं, Gujarat के Chief Minister भूपेंद्र पटेल ने कहा, “कच्छ की समृद्ध धरती के मेहनती भाई-बहनों को नए साल की ढेरों शुभकामनाएं. यह नया साल आज के पवित्र त्योहार ‘आषाढ़ी बीज’ से शुरू हो रहा है, एक ऐसी जगह जहां रेगिस्तान भी कला का रूप ले लेता है और प्रकृति भी संस्कृति से ओत-प्रोत है.”
राज्य के कृषि और किसान कल्याण मंत्री जीतू वघानी ने पोस्ट किया, “यह आषाढ़ी बीज का अवसर है, जो कच्छ के लिए बहुत खास है. इस मौके पर देश और दुनिया में खुशहाली आई है और कच्छ भी जगमगा उठा है. मैं अपने प्यारे कच्छ के भाइयों और बहनों के पास बहुत खुशी और शुभकामनाओं के साथ आया हूं.”
Gujarat के परिवहन राज्य मंत्री प्रवीण गोर्धनजी माली ने लिखा, “कच्छ की शानदार परंपरा, संस्कृति और विरासत के उत्सव ‘आषाढ़ी बीज’ के शुभ अवसर पर कच्छ के सभी भाइयों और बहनों को नए साल की हार्दिक शुभकामनाएं. यह नया साल सभी के जीवन में खुशी, शांति, समृद्धि, अच्छे स्वास्थ्य और सफलता के नए द्वार खोले.”
BJP MP मयंक नायक ने ‘एक्स’ पोस्ट में लिखा, “यह नया साल कच्छ के हर परिवार के जीवन में खुशियां, शांति और समृद्धि लाए.”
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