
भुवनेश्वर, 12 मई . Odisha प्रदेश कांग्रेस कमेटी (ओपीसीसी) के अध्यक्ष भक्त चरण दास ने Tuesday को नीट-यूजी 2026 पेपर लीक की घटना को लेकर केंद्र Government की कड़ी निंदा की. उन्होंने इसे शिक्षा व्यवस्था के भीतर एक ‘संगठित अपराध’ करार दिया और इसमें शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की.
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी द्वारा पहले उठाई गई चिंताओं का जिक्र करते हुए, दास ने कहा कि लाखों छात्रों ने परीक्षा की तैयारी में रात-रात भर जागकर बिताई, जबकि पेपर लीक करने वाले गिरोह भ्रष्टाचार और Government की लापरवाही का फायदा उठा रहे थे.
उन्होंने कहा, “बच्चों ने अपने भविष्य की उम्मीद में दिन-रात पढ़ाई की, लेकिन पेपर लीक होने की वजह से उनकी उम्मीदें टूट गईं. यह सिर्फ लापरवाही नहीं है; यह शिक्षा के क्षेत्र में एक संगठित अपराध है.”
आरोप है कि परीक्षा के पेपर लीक करने में शामिल भ्रष्ट तत्व भारी मात्रा में पैसा कमा रहे थे, और यह दावा किया गया कि पिछले एक दशक में देश में पेपर लीक की कई घटनाएँ हुई हैं.
उन्होंने कहा कि इस साल नीट परीक्षा में लगभग 22 से 23 लाख छात्र शामिल हुए थे, और उनका भविष्य खतरे में पड़ गया है.
उन्होंने आगे कहा, “यह एक गंभीर अपराध है, और इस पर तुरंत कार्रवाई होनी चाहिए. दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए.”
कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि किसी भी दोबारा परीक्षा से Government, जनता और देश पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा, और साथ ही छात्रों के जीवन में अनिश्चितता भी पैदा होगी.
उन्होंने अधिकारियों पर अपनी बुनियादी जिम्मेदारियों को निभाने में नाकाम रहने का आरोप लगाया और कहा कि जो लोग सत्ता में हैं, उन्हें इस चूक की नैतिक जिम्मेदारी लेनी चाहिए.
इस बीच, Tuesday को भुवनेश्वर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान, कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि पूरे देश में छात्र संगठन पेपर लीक की घटना को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और इस दौरान वे केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को गालियाँ दे रहे हैं, जो Odisha के सभी लोगों के लिए शर्म की बात बन गई है.
पार्टी ने Odisha के आत्म-सम्मान की रक्षा करने और निष्पक्ष व स्वतंत्र जांच का रास्ता खोलने के लिए प्रधान के तुरंत इस्तीफे की भी मांग की.
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एससीएच