
Mumbai , 12 अगस्त . Maharashtra के विधानसभा क्षेत्रों में चल रहे वोटर लिस्ट के ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविजन’ (एसआईआर) के तहत राज्य के कुल 9,78,54,049 वोटर्स में से 9,69,54,766 वोटर्स (99.08 प्रतिशत) को एन्यूमरेशन फॉर्म बांटे गए हैं.
हालांकि, राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी एस. चोकलिंगम ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि केवल 7,60,98,153 फॉर्म (77.77 प्रतिशत) ही साइन होकर और डिजिटाइज होकर वापस आए हैं. वे Political दलों के साथ बैठक की अध्यक्षता करने के बाद मीडिया से बात कर रहे थे.
फिर भी एएसडीडी कैटेगरी के तहत कुल 1,80,60,697 फॉर्म (18.46 प्रतिशत) जमा नहीं हो पाए हैं, इसमें वे वोटर्स शामिल हैं जो अनुपस्थित ), दूसरी जगह चले गए, मृत या डुप्लिकेट हैं. 3,695,199 वोटर्स (3.78 प्रतिशत) के मामले में अभी कार्रवाई बाकी है. Maharashtra में ड्राफ्ट वोटर लिस्ट से लगभग 1.80 करोड़ वोटर्स के नाम हटाए जा सकते हैं. चोकलिंगम ने कहा कि यह संख्या असामान्य नहीं है, और हमने दूसरे राज्यों में राष्ट्रीय स्तर पर लगभग 13-18 प्रतिशत नाम हटाए जाते देखे हैं.
उन्होंने कहा कि जिन वोटर्स के नाम हटाए जा सकते हैं, वे वोटर रजिस्ट्रेशन के लिए फॉर्म 6 जमा कर सकते हैं.
चुनाव अधिकारियों ने बताया कि एएसडीडी वोटर्स का अनुपात शहरी इलाकों में, खासकर ठाणे, नागपुर, Mumbai , पुणे, पालघर और रायगढ़ जिलों में ज्यादा है. Mumbai और Mumbai उपनगर जिलों में, 63 प्रतिशत डेटा डिजिटाइज हो चुका है, जबकि एएसडीडी कैटेगरी के तहत 30 प्रतिशत फॉर्म जमा नहीं हुए हैं—इसमें अनुपस्थित, दूसरी जगह चले गए, मृत या डुप्लिकेट वोटर्स शामिल हैं. अपडेटेड टाइमलाइन के अनुसार, वोटर्स से एन्यूमरेशन फॉर्म (ईएफ) जमा करने की आखिरी तारीख 17 अगस्त, 2026 तय की गई है.
इसके बाद, 24 अगस्त 2026 को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट (मतदाता सूची) जारी की जाएगी. इसके साथ ही, नागरिकों के लिए दावे और आपत्तियां दर्ज करने के लिए 23 सितंबर 2026 तक एक महीने का समय मिलेगा. वोटर लिस्ट का फाइनल प्रकाशन 27 अक्टूबर 2026 को होना तय है.
योग्य मतदाताओं के नाम लिस्ट से छूटने से रोकने के लिए जिला चुनाव अधिकारियों (डीईओ) को सख्त वेरिफिकेशन नियम लागू करने का निर्देश दिया गया है. बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) Political दलों के बूथ लेवल एजेंटों (बीएलए) के साथ संयुक्त बैठकें करेंगे और उन्हें एएसडीडी लिस्ट उपलब्ध कराएंगे.
फॉर्म इकट्ठा करने में मदद के लिए बीएलओ और बीएलए तय घरों में जाकर लोगों से मिलेंगे. बैठक की जानकारी (मिनट्स) को बीएलओ ऐप के जरिए ईसीआईनेट पर दर्ज और अपलोड करना होगा, जबकि एएसडीडी लिस्ट जिले की आधिकारिक वेबसाइटों पर जारी की जाएगी. अधिकारियों ने साफ तौर पर कहा है कि जो वोटर एन्यूमरेशन फॉर्म लेने, उस पर साइन करने या उसे जमा करने से मना करेंगे, उन्हें ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में शामिल नहीं किया जाएगा.
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एमएस/