‘कोहरा 2’ से मोना सिंह ने लिया जिंदगी का सबक, कई बार चीजों को छोड़ देना जरूरी होता है

Mumbai , 29 जनवरी . अभिनय की दुनिया में किसी किरदार को जीते-जीते कलाकार कई बार खुद को भी नए सिरे से समझने लगते हैं. Actress मोना सिंह के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ है. वेब सीरीज ‘कोहरा’ के दूसरे सीजन पर काम करते हुए मोना ने जिंदगी से जुड़ी कई अहम सीख हासिल की. इसे लेकर उन्होंने से खुलकर बात की.

मोना सिंह ने से बात करते हुए कहा, ”कोहरा का दूसरा सीजन मेरे लिए सिर्फ एक नई भूमिका नहीं थी, बल्कि यह मेरे निजी जीवन से भी गहराई से जुड़ गया. इस कहानी ने मुझे यह समझने में मदद की कि इंसान कितना संवेदनशील होता है और कैसे हर कोई अपनी-अपनी लड़ाई चुपचाप लड़ रहा होता है. इस सीरीज पर काम करते हुए मुझे यह एहसास हुआ कि हर चीज पर नियंत्रण रखना न तो संभव है और न ही जरूरी.”

मोना ने कहा, ”इस सीरीज से मुझे सबसे बड़ा सबक यह मिला कि जिंदगी में कई बार चीजों को छोड़ देना ही सही रास्ता होता है. जिन बातों, हालातों या भावनाओं का अब कोई मतलब नहीं रह जाता, उन्हें पकड़े रहना खुद को दुख देने जैसा है. हालात जैसे भी हों, उन्हें स्वीकार करना और आगे बढ़ जाना ही मानसिक शांति की कुंजी है. यही सीख मेरे लिए इस सीरीज की सबसे बड़ी देन बन गई.”

‘कोहरा 2’ में मोना सिंह की एंट्री कहानी को एक नया मोड़ देती है. इस बार दर्शकों को एक और गहरी, अंधेरी और रहस्यमयी कहानी देखने को मिलेगी. मोना के साथ इस सीजन में बरुन सोबती और रणविजय सिंह भी अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे.

‘कोहरा 2’ की कहानी इस बार जगराना से आगे बढ़ते हुए दलेरपुरा पहुंचती है, जहां माहौल पहले से ज्यादा गंभीर और रहस्यमयी है. एएसआई अमरपाल गरूंडी का तबादला दलेरपुरा Police स्टेशन में हो जाता है और यहीं से कहानी एक नया मोड़ लेती है. इस सीजन का सबसे बड़ा आकर्षण मोना सिंह हैं, जो गरूंडी की नई कमांडिंग ऑफिसर धनवंत कौर की भूमिका निभा रही हैं. दोनों का काम करने का तरीका अलग है, सोच अलग है, लेकिन लक्ष्य एक ही है सच तक पहुंचना. जैसे-जैसे वे एक हत्या के मामले की परतें खोलते हैं, वैसे-वैसे उनके अपने अतीत से जुड़े कई दबे हुए राज भी सामने आने लगते हैं.

पंजाब की पृष्ठभूमि में बुनी गई यह कहानी धीमी रफ्तार में आगे बढ़ती है, लेकिन हर मोड़ पर असर छोड़ती है. यह सीजन 11 फरवरी से नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम होगी.

पीके/वीसी

Leave a Comment