
New Delhi, 8 फरवरी पश्चिमी दिल्ली के जनकपुरी में एक गड्ढे में बाइकर की मौत के मामले में दूसरे आरोपी को दिल्ली Police ने Sunday को गिरफ्तार कर लिया. Police ने उसे उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद से ढूंढा था. एक अधिकारी ने यह जानकारी दी.
Police ने बताया कि आरोपी योगेश, जोगिंदर सिंह मार्ग स्थित साइट का सुपरवाइजर है.
Police के अनुसार, वह कथित तौर पर दिल्ली जल बोर्ड (डीजेबी) परियोजना के उस गड्ढे के पास मौजूद था, जिसमें दिल्ली के कैलाशपुरी निवासी 25 वर्षीय बाइकर कमल ध्यानी की Thursday रात को गिरकर मौत हो गई थी.
जांचकर्ताओं को संदेह है कि योगेश को घटना की जानकारी थी, फिर भी उसने बचाव कार्य के लिए सूचना नहीं दी और घटनास्थल से भाग गया.
इसी से संबंधित एक अन्य घटना में, परियोजना के उप-ठेकेदार राजेश प्रजापति को Sunday को दिल्ली की एक अदालत ने एक दिन की Police हिरासत में भेज दिया. द्वारका अदालत में आरोपी को पेश करते हुए Police ने तीन दिन की रिमांड की मांग की. हालांकि, अदालत ने केवल एक दिन की Police हिरासत दी.
दिल्ली की Chief Minister रेखा गुप्ता ने Saturday को जनकपुरी में बाइक सवार की मौत पर कड़ा रुख अपनाते हुए सभी विभागों को तत्काल और समयबद्ध कार्रवाई का आदेश दिया और सभी कार्यकारी एजेंसियों को भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकने के लिए आठ सूत्री सुरक्षा निर्देश जारी किए.
खुदाई स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था में खामियों पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए Chief Minister ने सुरक्षा मानकों के सख्त पालन का निर्देश दिया और अधिकारियों एवं ठेकेदारों की स्पष्ट जवाबदेही तय करने का आह्वान किया.
इस बीच, First Information Report से मिले नए विवरणों से परियोजना स्थल पर सुरक्षा उपायों में गंभीर खामियों का खुलासा हुआ है.
First Information Report के अनुसार, डीजेबी परियोजना के तहत खोदे गए गड्ढे को मुख्य सड़क पर बिना किसी चेतावनी चिह्न, रिफ्लेक्टर, बैरिकेड, प्रकाश व्यवस्था या सुरक्षा व्यवस्था के खुला छोड़ दिया गया था.
First Information Report के अनुसार
मौके पर किए गए निरीक्षण से पता चला कि यह घटना दिल्ली जल बोर्ड और उसके ठेकेदार द्वारा मुख्य सड़क पर खोदे गए गड्ढों को न ढकने, खुदाई के दौरान पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था न करने, चेतावनी चिह्न या परावर्तक न लगाने और उचित प्रकाश व्यवस्था न करने के कारण हुई.
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एमएस/