
नई दिल्ली, 22 अप्रैल . Mumbai में आयोजित पहला भारत-जापान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) रणनीतिक संवाद दोनों देशों के बीच उभरती तकनीकों में सहयोग को नई दिशा देने वाला महत्वपूर्ण कदम रहा.
Mumbai में आयोजित इस संवाद की सह-अध्यक्षता India Government के विदेश मंत्रालय में संयुक्त सचिव (साइबर कूटनीति) अमित ए. शुक्ला और जापान Government के विदेश मंत्रालय में साइबर सुरक्षा के लिए उप सहायक मंत्री हानाडा ताकाहिरो ने की.
संवाद में दोनों Governmentों के संबंधित मंत्रालयों, विभागों और एजेंसियों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया. इसमें एक ऐसा सत्र भी शामिल था, जिसमें दोनों पक्षों की Governmentों और एआई उद्योग के प्रतिनिधियों को एक मंच पर लाया गया.
दोनों पक्षों ने पूरे एआई स्टैक में रणनीतिक सहयोग पर गहन चर्चा की. इसका उद्देश्य सह-निर्माण को बढ़ावा देना, नीतियों में तालमेल बढ़ाना और औद्योगिक क्षेत्रों में एआई समाधानों के विकास को प्रोत्साहित करना था, ताकि एक मजबूत, अभिनव और भरोसेमंद एआई पारिस्थितिकी तंत्र तैयार किया जा सके.
इस संवाद में एआई क्षेत्र के विशेषज्ञों (टैलेंट) की अंतरराष्ट्रीय आवाजाही को सुगम बनाने और आदान-प्रदान और सहयोगात्मक परियोजनाओं के माध्यम से संयुक्त अनुसंधान का विस्तार करने के तरीकों पर भी विचार-विमर्श किया गया. इसके अलावा, दोनों पक्षों ने एआई के शासन (गवर्नेंस), नीति निर्माण और बहुपक्षीय मंचों पर आपसी सहयोग को लेकर भी चर्चा की.
यह एआई रणनीतिक संवाद ‘भारत-जापान एआई सहयोग पहल’ को आगे बढ़ाता है. इस पहल की घोषणा India और जापान के प्रधानमंत्रियों ने अगस्त 2025 में की थी.
इस क्षेत्र में सहयोग अगले दशक के लिए भारत-जापान संयुक्त दृष्टिकोण का एक केंद्रीय स्तंभ है. दोनों देशों ने एआई के क्षेत्र में अगले दशक के दौरान आने वाली चुनौतियों और अवसरों का मिलकर सामना करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई. इसका उद्देश्य दोनों देशों के अपने-अपने घरेलू लक्ष्यों को प्राप्त करने में मदद करना और हमारी अगली पीढ़ी के देशों व लोगों को पहले से कहीं अधिक करीब लाना है.
–
एवाई/एबीएम