
श्योपुर (Madhya Pradesh), 16 मई . Madhya Pradesh के श्योपुर जिले के अड़वाड़ और सीताखेड़ली गांव में Saturday को एक ऐसी घटना घटी, जिसने लोगों को भयभीत कर दिया.
दरअसल, कूनो नेशनल पार्क से दो चीते एकाएक बाहर निकलकर ग्रामीणों की बकरी को अपना शिकार बना लिया. इससे ग्रामीण आक्रोशित हो गए और उन्होंने चीतों के लिए की गई सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाया.
ग्रामीणों का कहना है कि आखिर चीतों की सुरक्षा व्यवस्था कैसी है? इस पर ध्यान दिया जाना चाहिए. जिस तरह से मौजूदा समय में हमारी बकरियों को निशाना बनाया जा रहा है, उसे हम किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं कर सकते हैं. प्रशासन को कूनो नेशलन पार्क की सुरक्षा व्यवस्था का ध्यान रखना होगा, तभी जाकर हमारे लिए स्थिति अनुकूल होगी.
जानकारी के मुताबिक, जब चीते बकरी को निशाना बना रहे थे, तभी ग्रामीणों ने इसका वीडियो बनाकर social media पर साझा कर दिया. इसके बाद कूनो नेशनल पार्क से जुड़ी ट्रैकिंग टीम मौके पर पहुंची. ग्रामीणों का गुस्सा ट्रैकिंग टीम को देखने के बाद सांतवें आसमान पर पहुंच गया. इसके बाद उन्होंने ट्रैकिंग टीम से जुड़े लोगों को जमकर खरी खोटी सुना दी और कहा कि आखिर आप लोग क्या कर रहे हैं कि चीते खुले में घूम रहे हैं.
ग्रामीणों का कहना है कि ट्रैकिंग टीम की कोताही की वजह से चीते खुले में घूम रहे हैं. इस वजह से हम गांव के लोगों के बीच में असुरक्षा का माहौल बना हुआ है. हम डर लगता है कि कहीं पर कुछ हो ना जाए. अभी जिस तरह से चीतों ने बकरी को निशाना बनाया है, उसके बाद से हम ग्रामीणों के बीच में डर और ज्यादा बढ़ गया है. ऐसी स्थिति में कूनो प्रशासन से जुड़े लोगों के लिए यह जरूरी हो जाता है कि वो सुरक्षा-व्यवस्था पर विशेष ध्यान दें, ताकि हम सुरक्षित माहौल में रह सके और हम इस तरह से किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति का सामना नहीं करना पड़े.
वहीं, स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए ट्रैकिंग टीम ने उस महिला को उचित मुआवजा देने का भी ऐलान किया है, जिसकी बकरी को चीतों ने अपना शिकार बनाया था.
बता दें कि जब ट्रैकिंग टीम ने महिला को मुआवजा देने का ऐलान किया, तब जाकर स्थिति शांत हुई है. अब ऐसी स्थिति में सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हुई है कि आखिर ट्रैकिंग टीम की ओर से आगामी दिनों में क्या कुछ कदम उठाए जाते हैं? हालांकि, ट्रैकिंग टीम से जुड़े लोगों ने ग्रामीणों को हरसंभव सहायता देने का आश्वासन दिया है.
उधर, कूनो नेशनल पार्क प्रबंधन डीएफओ आर थिरुकुराल ने बताया कि हम चीतों की सुरक्षा के लिए हर मुमकिन कदम उठा रहे हैं. हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि चीतों की सुरक्षा पर किसी भी प्रकार की आंच नहीं आए.
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एसएचके/पीएम