
New Delhi, 23 अप्रैल . भारतीय चुनाव आयोग (ईसीआई) द्वारा कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को उनकी ‘आतंकवादी’ वाली टिप्पणी पर नोटिस जारी किए जाने के बाद पार्टी ने Thursday को आरोप लगाया कि विपक्षी दलों को डराने-धमकाने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल किया जा रहा है.
ईसीआई ने Wednesday को खड़गे की उन टिप्पणियों का गंभीरता से संज्ञान लिया, जिनमें उन्होंने कथित तौर पर Prime Minister Narendra Modi को ‘आतंकवादी’ कहा था. इस मामले में आयोग ने 24 घंटे के भीतर उनसे स्पष्टीकरण मांगा था.
यह विवाद Tuesday को चेन्नई में हुई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस से शुरू हुआ, जहां खड़गे ने एक सवाल का जवाब देते हुए Prime Minister के संदर्भ में ‘आतंकवादी’ शब्द का इस्तेमाल किया. हालांकि, बाद में उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके बयान का ‘गलत अर्थ निकाला गया’ था.
घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने से कहा, “मुझे लगता है कि कांग्रेस पार्टी इसका जवाब देगी. हालांकि, उन्होंने कल ही अपनी सफाई दे दी थी, लेकिन उनका मतलब बिल्कुल भी यह नहीं था, जिस तरह से पीएम मोदी ईडी, सीबीआई और दूसरी एजेंसियों का इस्तेमाल कर रहे हैं, उससे लोगों को, खासकर विपक्ष को डराने का काम हो रहा है.”
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता उदित राज ने ईसीआई द्वारा जारी नोटिस का जिक्र करते हुए भाजपा पर मनुवादी मानसिकता रखने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि भाजपा की मानसिकता मनुवादी है, क्योंकि मल्लिकार्जुन खड़गे दलित समुदाय से आते हैं. वे देश की दूसरी सबसे बड़ी पार्टी के अध्यक्ष हैं और वे इस बात को बर्दाश्त नहीं कर पा रहे हैं.
भाजपा के पूर्व अध्यक्ष बंगारू लक्ष्मण का जिक्र करते हुए उदित राज ने कहा, “लेकिन, उन्हें तो जेल भी जाना पड़ा. यह मनुवादी सोच इतनी खतरनाक है कि इन्होंने अपने ही राष्ट्रीय अध्यक्ष को बदनाम किया, उन्हें जेल भिजवाया और उनकी जिंदगी तबाह कर दी. इससे कोई भी अंदाजा लगा सकता है कि दूसरी पार्टियों के नेताओं के लिए इनके मन में कितनी नफरत भरी है. यह नोटिस India के चुनाव आयोग ने नहीं, भाजपा ने भेजा है. अब इन दोनों के बीच कोई फर्क नहीं रह गया है.”
Samajwadi Party के सांसद अवधेश प्रसाद ने कहा, “आम तौर पर किसी को भी अपशब्दों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए. यह हमारे जीवन के मूल्यों और आचरण के खिलाफ है. भले ही कोई व्यक्ति दूसरे की नीतियों या योजनाओं से सहमत न हो, लेकिन उन पर निजी टिप्पणी करना सही नहीं है, खासकर Prime Minister पर.”
Samajwadi Party के एक और नेता एसटी हसन ने चुनाव आयोग के रवैये की आलोचना करते हुए उस पर चुनिंदा कार्रवाई करने का आरोप लगाया.
उन्होंने कहा कि हमें कभी उम्मीद नहीं थी कि चुनाव आयोग इतना चुनिंदा हो जाएगा. बंगाल में जिन लोगों ने खुलेआम जहर उगला, उनके खिलाफ आज तक कोई नोटिस जारी नहीं किया गया है. अगर खड़गे ने कहा है कि Prime Minister एक आतंकवादी की तरह बर्ताव करते हैं, तो सबको दिक्कत होने लगी. उन्होंने Prime Minister को आतंकवादी नहीं कहा, उन्होंने कहा कि Prime Minister एक आतंकवादी की तरह बर्ताव करते हैं. मुझे नहीं लगता कि उन्होंने इसमें कुछ भी चौंकाने वाला कहा है.
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पीएसके