
तेहरान, 31 मई . अमेरिकी President डोनाल्ड ट्रंप के ईरान पर लगाए गए नौसैनिक प्रतिबंध हटाने के दावे के बावजूद ईरानी जहाजों को अभी भी होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने में बाधाओं का सामना करना पड़ रहा है. यह जानकारी अर्ध-Governmentी समाचार एजेंसी तसनीम ने दी.
ईरानी नौसैनिक अधिकारियों के हवाले से रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रतिबंध अभी भी लागू हैं और अमेरिकी केंद्रीय कमान की ओर से जहाजों को क्षेत्र में प्रवेश न करने की चेतावनी दी जाती रहती है.
ट्रंप ने Friday को ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में कहा था कि अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी “अब हटा ली जाएगी.”
इसी पोस्ट में उन्होंने ईरान के साथ संभावित समझौते की शर्तें भी रखीं. उन्होंने कहा कि तेहरान को कभी भी परमाणु हथियार हासिल नहीं करने पर सहमत होना होगा. सिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार, ट्रम्प ने यह भी कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य को “तुरंत” खोल दिया जाना चाहिए, ताकि दोनों दिशाओं में बिना किसी प्रतिबंध के जहाजरानी हो सके और सभी समुद्री बारूदी सुरंगें हटा दी जाएं.
ट्रंप ने आगे कहा कि ईरान और अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के समन्वय से ईरान के समृद्ध यूरेनियम भंडार का पता लगाया जाएगा और उसे नष्ट कर दिया जाएगा.
वहीं, ईरान ने कहा है कि परमाणु मुद्दे मौजूदा वार्ता प्रक्रिया का हिस्सा नहीं हैं.
ईरान की मुख्य सैन्य कमान खातम अल-अनबिया केंद्रीय मुख्यालय ने Saturday को कहा कि ईरानी सशस्त्र बल होर्मुज जलडमरूमध्य पर पूर्ण अधिकार के साथ नियंत्रण स्थापित कर रहे हैं. यह जानकारी आधिकारिक समाचार एजेंसी आईआरएनए ने दी.
मुख्यालय ने एक बयान में स्पष्ट किया कि जलमार्ग से गुजरने वाले सभी जहाजों (वाणिज्यिक पोतों और तेल टैंकरों) को केवल ईरान द्वारा निर्धारित मार्गों का ही उपयोग करना होगा और उन्हें इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की नौसेना से अनुमति प्राप्त करनी होगी.
इस बीच, अर्ध-Governmentी समाचार एजेंसी फार्स के अनुसार, आईआरजीसी की नौसेना ने Saturday को कहा कि पिछले 24 घंटों के दौरान 20 जहाजों ने उसके बलों और ईरानी समुद्री अधिकारियों के समन्वय से जलडमरूमध्य को पार किया.
फार्स ने आईआरजीसी नौसेना के अधिकारियों के हवाले से बताया कि इन जहाजों को रासायनिक उर्वरकों जैसी आवश्यक वस्तुओं की अपने-अपने देशों में मांग को देखते हुए जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति दी गई थी.
गौरतलब है कि ईरान ने 28 फरवरी को होर्मुज जलडमरूमध्य पर अपना नियंत्रण और सख्त कर दिया था तथा इजरायल और अमेरिका द्वारा ईरानी क्षेत्र पर किए गए संयुक्त हमलों के बाद इन देशों से जुड़े जहाजों के आवागमन पर प्रतिबंध लगा दिया था. दूसरी ओर, अमेरिका ने भी जलडमरूमध्य में अपने नौसैनिक प्रतिबंध बनाए रखे हैं, जिससे ईरानी बंदरगाहों से आने-जाने वाले जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई है.
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ओपी/एएस