
अयोध्या, 10 जून . Prime Minister पद पर Narendra Modi के देश में सबसे लंबे कार्यकाल को लेकर अयोध्या के साधु-संतों ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने पीएम मोदी के नेतृत्व में केंद्र Government के कार्यों की प्रशंसा की. इसके साथ ही, साधु-संतों ने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में Government ने हर क्षेत्र में विकास किया है. ‘सबका साथ-सबका विकास’ उनका संकल्प रहा है.
सिद्ध पीठ हनुमानगढ़ी के महंत देवेशाचार्य जी महाराज ने से बात करते हुए कहा, “यह खुशी की बात है कि India के सभी प्रधानमंत्रियों में पीएम Narendra Modi का कार्यकाल सबसे लंबा रहा है. इनका सबसे बड़ा योगदान देश के प्रति उनका समर्पण, देश के लिए उनकी प्रतिबद्धता और सनातन संस्कृति के प्रति उनकी निष्ठा, प्रतिबद्धता और प्रेम है. यही वजह है कि वे सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले प्रधानमंत्रियों में से एक बन गए हैं.”
उन्होंने कहा, “पीएम मोदी के नेतृत्व में Government ने हर क्षेत्र में विकास किया है. ‘सबका साथ-सबका विकास’ उनका संकल्प रहा है. सबसे बड़ा संकल्प यही रहा है कि कोई भी व्यक्ति अछूता न रहे और देश के विकास में सभी का योगदान हो.”
अयोध्या के जैन मंदिर पीठाधीश्वर ने कहा, “मैंने अपनी जिंदगी के पिछले 50-60 सालों में कई Presidentयों और प्रधानमंत्रियों को इस देश का नेतृत्व करते देखा है. लेकिन, पिछले 12 सालों में Prime Minister Narendra Modi के नेतृत्व में India को जो लीडरशिप मिली है, वह वाकई शानदार रही है. मेरा मानना है कि उन्होंने जो भी फैसले खुद लिए हैं या कैबिनेट के जरिए लिए हैं, वे सभी India के हित में रहे हैं. यह देश कई समुदायों और धर्मों का घर है, और सभी के हितों को ध्यान में रखते हुए Prime Minister हमेशा ऐसे फैसले लेते हैं, जिनसे समाज के किसी भी वर्ग को कोई नुकसान न पहुंचे.”
आर्य संत वरुण दास महाराज ने कहा, “India के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले Prime Minister, जिन्होंने दुनिया भर की यात्रा करके India के रिश्तों को मजबूत किया है. उनके सामने कई तरह की स्थितियां, अनुकूल और प्रतिकूल आती रहती हैं. कोरोना भी पीएम मोदी के कार्यकाल के दौरान आया. उस आपातकाल से भी वे देश को निकालकर लाए. इतने लंबे समय तक देश का नेतृत्व करने के लिए इनको हमारी मंगलकामनाएं हैं.”
महंत सीताराम दास जी महाराज ने कहा, “देश के Prime Minister Narendra Modi का Prime Minister के तौर पर सबसे लंबा कार्यकाल पूरा करना अपने आप में असाधारण, दिव्य और बेमिसाल है. उन्होंने India को विश्व मंच पर स्थापित करने का काम किया है. उन्होंने वैश्विक स्तर पर भारतीय संस्कृति का मान बढ़ाया है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर India की गरिमा और सम्मान को ऊंचा किया है. उन्होंने India को दुनिया की तीसरी या चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में स्थापित करने की दिशा में भी काम किया है.”
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डीसीएच/