
New Delhi, 5 अक्टूबर . कांग्रेस नेता उदित राज ने Union Minister किरेन रिजिजू के एसआईआर को लेकर दिए बयान पर जोरदार पलटवार किया. उन्होंने कहा कि हमारी लड़ाई India को बचाने का एक प्रयास है. लोकतंत्र इसी से बचेगा. दरअसल रिजिजू ने कहा है कि एसआईआर का विरोध India विरोधी तत्वों की साजिश का हिस्सा है.
उदित राज ने से बातचीत में कहा कि यदि लोकतंत्र नहीं रहेगा तो क्या मिट्टी और हवा से देश चलेगा? इंसान की आजादी, व्यक्तिगत स्वतंत्रता और उसका अस्तित्व अधिक जरूरी होता है.
मणिशंकर अय्यर के सर्जिकल स्ट्राइक को लेकर दिए बयान पर उदित राज ने कहा कि इस बारे में मणिशंकर अय्यर से जवाब लेना चाहिए. मैं इसका जवाब क्यों दूं? हम कांग्रेस पार्टी से हैं. आपको उनसे ही उनके बयान पर जवाब देने के लिए कहना चाहिए. अय्यर ने कहा है कि India में Pakistan के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक करने का साहस तो है, लेकिन बातचीत की पहल करने की हिम्मत नहीं है. उन्होंने सवाल उठाया कि जब दोनों देश पड़ोसी हैं, तो आपसी मतभेदों को संवाद के जरिए सुलझाने और रिश्तों को बेहतर बनाने की कोशिश क्यों नहीं की जा सकती.
सीईसी के खिलाफ याचिकाओं पर Supreme Court की सुनवाई और चुनाव आयोग को नोटिस जारी करने पर कांग्रेस नेता उदित राज ने कहा कि नोटिस जारी किया गया है और आगे भी सुनवाई होगी. दिल्ली दंगों का मामला भी अब हाईकोर्ट के सामने आया है. उस समय, क्या Police ने कोई कार्रवाई की या न्यायपालिका ने भाजपा-संघ के लोगों द्वारा दिए गए नफरत भरे भाषणों पर संज्ञान लिया? हम समझ सकते हैं कि न्यायपालिका भी दबाव में है. हालांकि ऐसे हालात में दो जजों ने बहुत अच्छा काम किया है. वे खुलकर लोकतंत्र के समर्थन में सामने आए हैं. यह अच्छी बात है कि लोग अब भी जागरूक हैं. जस्टिस भुइयां ने कहा कि किसी का वोट देने का अधिकार छीना नहीं जा सकता. रिटायर्ड जस्टिस नरीमन ने कहा कि बंगाल में 90 लाख वोटरों को वोट देने से रोका गया.
इसी बीच, कांग्रेस नेता ने Supreme Court द्वारा ईसी और केंद्र को भेजे नोटिस पर कहा कि यह बहुत स्पष्ट है कि हमारे नेता राहुल गांधी ने जो सवाल उठाया था, वह अब सामने आ रहा है और हर कोई उसका समर्थन कर रहा है, क्योंकि हमने सबूत और साक्ष्य दिए हैं. यहां तक कि चुनाव आयोग के ऑफिस के अंदर से भी इस पर सवाल उठाए गए हैं. अब यह देश के अंदर का सवाल बन गया है. लोग सवाल पूछ रहे हैं. सिर्फ Political दल, सिर्फ इंडिया गठबंधन के सहयोगी ही नहीं, बल्कि जज, कानूनी विशेषज्ञ, प्रोफेसर, डॉक्टर, सभी प्रोफेशनल्स और छात्र भी यह सवाल उठा रहे हैं. इसलिए हमारा मानना है कि सीईसी को जल्द से जल्द इस्तीफा देना चाहिए और हम आज भी इसी बात पर कायम हैं.
दूसरी ओर, कांग्रेस नेता राजेंद्र पाल गौतम ने Union Minister किरेन रिजिजू के बयान पर पलटवार किया. उन्होंने कहा कि भाजपा देश को कमजोर करने का काम करती है. किरेन रिजिजू को देखना चाहिए कि देश को कहां ले जाकर खड़ा कर दिया, देश को तबाह कर दिया. इनके पास न कोई विदेश नीति है, न आर्थिक नीति है, न रोजगार नीति है, न किसान नीति है. यह लोग देश के लिए अभिषाप बन गए. देश को हर मोर्चे पर फेल किया है.
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डीकेएम/वीसी