दीया मिर्जा विवाद पर किशोरी पेडनेकर का महापौर पर हमला, बोलीं- ‘मिर्जा’ नाम देखकर किया अपमान

Mumbai , 3 नवंबर . शिवसेना (यूबीटी) नेता और पूर्व महापौर किशोरी पेडनेकर ने दीया मिर्जा मामले में कोर्ट की टिप्पणी के बाद Mumbai की महापौर और बीएमसी पर जमकर निशाना साधा. महापौर का बहिष्कार करने का ऐलान करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि ‘मिर्जा’ नाम देखकर वीडियो हटाने का फैसला किया गया.
दिया मिर्जा मामले में कोर्ट की टिप्पणी पर शिवसेना (यूबीटी) नेता किशोरी पेडनेकर ने कहा, “इस पूरे मामले में आठ-नौ महीने हो गए. बार-बार कोर्ट ही आदेश दे रहा है बीएमसी को. कोर्ट के आदेश के बाद ही बीएमसी काम कर रही है, यह हम देख रहे हैं. कोर्ट की अवमानना हो रही है, यह भी हमने देखा है. कोर्ट के अवमानना में बाहर के लोग, जो महानगर पालिका के सदस्य नहीं हैं, अमित साटम जैसे विधायक गलत-गलत बातें करके चर्चा में रहना पसंद करते हैं.”
उन्होंने कहा कि हमारे Mumbai करों की जो कड़ी मेहनत है, उस पर और महापौर जो शासन चला रही हैं, उस काम पर उनका ध्यान नहीं है. बस चर्चा में रहना, कुछ भी बोलना और महापौर के अधिकार क्या हैं, इसकी भी उन्हें जानकारी नहीं है. इसलिए मैं उनका बहिष्कार कर रही हूं, उन्हें ब्लैकलिस्ट कर रही हूं.
किशोरी पेडनेकर ने कहा कि आपका अधिकार क्या है? आप भाजपा के कुछ समय के महापौर रहे होंगे, लेकिन जब भी महापौर की कुर्सी पर बैठते हैं, तो किसी एक जाति, जमात या धर्म के लिए बात नहीं करते, क्योंकि Mumbai बहुरंगी और बहुधर्मी है.
फिल्म Actress को लेकर उन्होंने कहा कि जहां तक दीया मिर्जा की बात है, दो-तीन दिन से उनके बारे में चर्चा चल रही है. उन्होंने अपने देश का नाम रोशन किया है. उन्हें कई सम्मान मिले हैं और संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) की गुडविल एंबेसडर के रूप में भी उन्होंने काम किया. उनकी प्रतिभा और योगदान देखकर ही महानगरपालिका के अधिकारियों ने यह निर्णय लिया था, लेकिन महानगरपालिका के अधिकारी भी गलत हैं.
शिवसेना यूबीटी की नेता ने कहा कि ऐसे अधिकारियों पर कार्रवाई होनी चाहिए. आपने उनका नाम क्यों हटाया? उनका अपमान क्यों किया? वह एक Actress हैं. वह आपके पास कोई लाभ लेने नहीं आई थीं और न ही उन्हें इससे कोई आर्थिक फायदा होने वाला था. आपने उन्हें आमंत्रित किया था और बाद में उनका नाम हटाकर अपमान किया, जो पूरी तरह गलत है.
उन्होंने कहा कि हमारी Mumbai की महापौर जिस तरह की बातें कर रही हैं कि मैंने उन्हें ब्लैकलिस्ट किया है, आपको ऐसा कहने का अधिकार ही नहीं है. दिवाली जैसे बड़े त्योहार के पहले ऐसी बातें करना, जबकि इस त्योहार में सभी लोग शामिल होते हैं, उचित नहीं है. हमारा देश धर्मनिरपेक्ष है और किसी कलाकार के बारे में ऐसी टिप्पणी करना बिल्कुल गलत है.
Maharashtra Government पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि क्या यही ‘लाडली बहना’ है? क्या अब हर व्यक्ति का व्हाट्सएप देखकर तय करेंगे कि वह हिंदू है, ईसाई है या मुसलमान? क्या इससे बहन का प्यार कम या ज्यादा हो जाएगा? इन सब बातों से ऊपर उठकर सोचना चाहिए. जो हो रहा है, वह गलत है और ऐसी बातें नहीं चलनी चाहिए. महापौर ने जो कहा है, उसकी हर तरफ निंदा हो रही है. मैं उनके इस फैसले को पूरी तरह गलत मानती हूं.
शिवसेना (यूबीटी) नेता ने कहा कि यह फैसला दूसरी तरफ से जल्दबाजी में लिया गया है. भाजपा को पता नहीं किस बात का डर है. बार-बार अपना फैसला बदल रहे हैं. महानगरपालिका बंद कर दीजिए, घर से चलाइए. यह क्या तरीका है? यहां हिंदू, मुस्लिम, ईसाई, जैन, Maharashtraीयन और सभी लोग हैं. आप किसी को कैसे परख सकते हैं. ‘मिर्जा’ नाम देखकर एक Actress का अपमान करना गलत है.
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केके/वीसी


