अमित शाह के यूपी दौरे पर आरपी सिंह बोले- जनता फिर बनाएगी योगी सरकार, कांग्रेस पर अराजकता फैलाने का आरोप

New Delhi, 28 अक्टूबर . भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उत्तर प्रदेश दौरे, ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा और मौलाना अरशद मदनी के बयान पर अपनी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि अमित शाह पार्टी के रणनीतिकार हैं और अगले साल उत्तर प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए उनके दौरे शुरू हो गए हैं. आरपी सिंह ने विश्वास जताया कि प्रदेश की जनता एक बार फिर भाजपा को समर्थन देगी और योगी आदित्यनाथ को Chief Minister बनाएगी.
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उत्तर प्रदेश दौरे को लेकर आरपी सिंह ने कहा कि वह भाजपा के प्रमुख रणनीतिकार हैं. अगले साल प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने हैं, इसलिए उनके दौरे चुनावी तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण हैं. उत्तर प्रदेश की जनता भाजपा को अपना भरपूर आशीर्वाद देगी और एक बार फिर योगी आदित्यनाथ को Chief Minister बनाएगी.
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा का नेतृत्व करेंगे. यह पदयात्रा दिल्ली में लाल किले से शुरू होकर एमसीडी के टाउन हॉल तक जाएगी.
आरपी सिंह ने आरोप लगाया कि पिछले कुछ दिनों से देश में अराजकता फैलाने की कोशिश की जा रही है. एक ऐसे मुद्दे को विवाद का विषय बनाया जा रहा है, जिसे वह गैर-मुद्दा मानते हैं. उन्होंने चुनाव आयोग का हवाला देते हुए कहा कि आयोग ने Supreme Court में अपना हलफनामा दाखिल कर दिया है और स्पष्ट किया है कि सभी फैसले सर्वसम्मति से लिए गए थे.
उन्होंने विपक्ष, विशेष रूप से कांग्रेस, पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वह इस मामले को लेकर विवाद बढ़ाने और Political अस्थिरता पैदा करने की कोशिश कर रही है.
मौलाना अरशद मदनी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए आरपी सिंह ने कहा कि Prime Minister Narendra Modi की Government की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ मुस्लिम समुदाय को भी मिल रहा है. उन्होंने आयुष्मान India और Prime Minister मुद्रा योजना सहित विभिन्न योजनाओं का जिक्र किया.
आरपी सिंह ने कहा कि इन योजनाओं के लाभार्थियों में मुस्लिम समुदाय की हिस्सेदारी लगभग 30 से 34 प्रतिशत है, जबकि देश की कुल आबादी में मुस्लिम समुदाय की हिस्सेदारी करीब 14 से 15 प्रतिशत है. इसी आधार पर उन्होंने कहा कि Government की योजनाओं में मुसलमानों के साथ भेदभाव नहीं किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि यदि किसी मामले में अदालत कोई आदेश देती है, तो सभी को उसका पालन करना होगा.
–
एसएके/पीएम


