असम में भाजपा की जीत पर चाय बागान की महिलाओं में खुशी का माहौल

डिब्रूगढ़ (असम), 4 मई . असम विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की प्रचंड जीत ने राज्य के चाय बागानों में काम करने वाली महिलाओं के चेहरों पर खुशी ला दी है. डिब्रूगढ़ जिले के मनोहारी चाय बागान की महिला श्रमिकों ने Prime Minister Narendra Modi और भाजपा Government पर भरोसा जताते हुए अपनी उम्मीदें व्यक्त की हैं.

मनोहारी चाय बागान की श्रमिक अंजू मुरा ने समाचार एजेंसी से बातचीत करते हुए कहा, “जब पीएम मोदी हमारे बागान आए थे तो हम बहुत खुश हुए. हमें पहले पता नहीं था कि वे आने वाले हैं. उन्होंने हमसे पूछा कि अयोध्या गए हो या नहीं. हमने कहा, ‘नहीं गए हैं,’ तो उन्होंने कहा, ‘जब बुलाएंगे तो जाओगे?’ हमने कहा, ‘हां, क्यों नहीं जाएंगे.’ फिर Prime Minister की तरफ से हमें अयोध्या घुमाने ले जाया गया.”

उन्होंने आगे कहा, “अब वोटिंग के बाद भाजपा की जीत हो गई है. हमारी मांग है कि जो अच्छा काम उन्होंने किया है, उसे और बेहतर तरीके से जारी रखें.”

एक अन्य महिला श्रमिक ने कहा, “आज हमें बहुत अच्छा लग रहा है. असम में हमारी भाजपा Government फिर जीत गई है, इसके लिए हम बहुत-बहुत धन्यवाद देते हैं. हमें पूरी उम्मीद है कि हमारी जो मांगें हैं, उन्हें Government जरूर पूरा करेगी. हमारा जीवन बेहतर होगा.”

मोनिका मुरा ने उत्साह के साथ कहा, “Government जीत गई है, सारा असम खुश है. हम लोग अनुसूचित जनजाति (एसटी) का दर्जा चाहते हैं. हमें जमीन का पट्टा (भूमि अधिकार पत्र) चाहिए, और हमारा वेतन (दरमा) भी बढ़ना चाहिए.”

चाय बागान की इन महिलाओं ने बताया कि पिछले वर्षों में केंद्र और राज्य Government की योजनाओं से उन्हें काफी फायदा हुआ है. उन्होंने सड़क, बिजली, आवास और स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार का जिक्र किया. साथ ही उन्होंने उम्मीद जताई कि नई Government उनके लंबे समय से लंबित मुद्दों, खासकर अनुसूचित जनजाति का दर्जा और भूमि अधिकार, को प्राथमिकता देगी.

डिब्रूगढ़ के चाय बागानों में रहने वाली आदिवासी समुदाय की महिलाएं भाजपा की जीत को अपने भविष्य से जोड़कर देख रही हैं. उन्होंने कहा कि मोदी Government की ओर से चाय मजदूरों के कल्याण के लिए कई योजनाएं शुरू की गई हैं, जिनका उन्हें सीधा लाभ मिला.

असम के चाय बागान क्षेत्र भाजपा के लिए महत्वपूर्ण वोट बैंक रहे हैं. इस बार की जीत के साथ इन क्षेत्रों में पार्टी की पकड़ और मजबूत हुई है. महिला श्रमिकों का कहना है कि वे विकास की इस गति को जारी रखना चाहती हैं और उम्मीद करती हैं कि नई Government उनके सपनों को पूरा करेगी.

एससीएच/डीकेपी

Leave a Comment