
New Delhi, 22 जुलाई . संसद के बाहर जहां विपक्षी सांसद केंद्र Government के खिलाफ प्रदर्शन और नारेबाजी कर रहे थे, वहीं संसद परिसर में Prime Minister Narendra Modi और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के प्रमुख शरद पवार तथा उनकी बेटी व Lok Sabha सांसद सुप्रिया सुले की मुलाकात से सियासी गलियारों में नई चर्चा शुरू हो गई है.
Prime Minister कार्यालय ने social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी देते हुए बताया कि राज्यसभा सांसद शरद पवार और Lok Sabha सांसद सुप्रिया सुले ने Wednesday को Prime Minister Narendra Modi से मुलाकात की.
मुलाकात की सामने आई तस्वीरों में शरद पवार और Prime Minister मोदी बातचीत के दौरान मुस्कुराते हुए नजर आए. एक तस्वीर में Prime Minister मोदी स्वयं दरवाजे पर शरद पवार का स्वागत करते दिखाई दिए. इस मुलाकात के दौरान शरद पवार ने Prime Minister को एक ज्ञापन भी सौंपा.
हालांकि, इस मुलाकात का समय Political रूप से बेहद अहम माना जा रहा है. केंद्र Government मौजूदा मानसून सत्र में परिसीमन विधेयक को दोबारा पेश करने की तैयारी कर रही है. इस विधेयक को पारित कराने के लिए Government संसद में दो-तिहाई बहुमत जुटाने की कोशिश कर रही है. ऐसे में एनसीपी (शरद पवार गुट) के आठ सांसद Government की रणनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं.
इससे पहले एनसीपी (एसपी) ने संकेत दिए थे कि यदि Government पूरे देश में 50 प्रतिशत सीटों की समान बढ़ोतरी का लिखित आश्वासन देती है, तो पार्टी इस विधेयक पर चर्चा करने को तैयार होगी. पिछले सप्ताह सुप्रिया सुले ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था, “50 प्रतिशत सीट बढ़ाने की शर्त लिखित रूप में दीजिए, फिर हम इस पर चर्चा करेंगे.”
इधर, शरद पवार की पार्टी के एक वर्ग के एनडीए में शामिल होने या विलय की अटकलें भी लगातार लगाई जा रही हैं. हालांकि, सूत्रों के अनुसार भाजपा का स्पष्ट रुख है कि यदि शरद पवार गुट को आधिकारिक रूप से एनडीए में शामिल होना है, तो पहले एनसीपी के दोनों गुटों का आपसी मतभेद खत्म कर एक होना जरूरी होगा.
सूत्रों का कहना है कि भाजपा फिलहाल शरद पवार या उनके सहयोगियों को व्यक्तिगत रूप से एनडीए में शामिल करने के पक्ष में नहीं है. पार्टी चाहती है कि पहले दोनों एनसीपी गुटों का विलय हो, उसके बाद ही किसी संभावित Political साझेदारी पर विचार किया जाए.
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वीकेयू/पीएम