
कोलकाता, 30 जनवरी . भाजपा नेता अग्निमित्रा पॉल ने आनंदपुर स्थित वेयरहाउस में लगी भीषण आग की घटना पर Chief Minister ममता बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी सिर्फ वोट बैंक की राजनीति करती हैं और लोगों की मौत पर उन्हें कोई पछतावा नहीं है. अगर पछतावा होता तो वेयरहाउस के मालिक की गिरफ्तारी हो चुकी होती.
से बातचीत में अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि डिप्टी मैनेजर और मैनेजर को गिरफ्तार करने से क्या फायदा. मालिक को गिरफ्तार करना चाहिए. डिप्टी मैनेजर ने फायर लाइसेंस का इंतजाम नहीं किया था. मोमो फैक्ट्री के पास फायर लाइसेंस नहीं था. इसकी पुष्टि फायर डिपार्टमेंट के डीजी ने की है. इस गोदाम चलाने के लिए इजाजत कैसे दी गई. इस घटना के लिए मालिक जिम्मेदार है. मालिक को गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया, पांच दिन हो गए हैं.
भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि मालिक की गिरफ्तारी नहीं होने के पीछे यह चीज स्पष्ट हो गई है कि मोटी रकम टीएमसी के पास जाता है, आई-पैक ऑफिस में जाता है. बंगाल में जगह-जगह अवैध गतिविधियां चल रही हैं, जिनसे लीगल के नाम पर टीएमसी पैसा वसूलती है. पांच दिन बीत चुके हैं, अभी तक डीएनए टेस्ट नहीं हुआ है. इस घटना में इतने लोगों की मौत हो चुकी है, लेकिन सिर्फ 10 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाता है. ममता बनर्जी को सिर्फ वोट की राजनीति आती है.
उन्होंने कहा कि Chief Minister पूरे राज्य में जो नफरत की राजनीति कर रही हैं, पश्चिम बंगाल के लोग आपको उसका करारा जवाब देंगे.
टीएमसी से निलंबित नेता हुमायूं कबीर का जिक्र करते हुए भाजपा नेता अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि चाहे आप तृणमूल से निकाले गए हुमायूं कबीर की बात करें या सीपीआईएम के मोहम्मद सलीम की. यह दोनों असल में तृणमूल की ‘बी-टीम’ हैं, जो ममता बनर्जी के लिए काम कर रहे हैं. दोनों की विचारधारा, नीतियां और सिद्धांत एक जैसे हैं. लेफ्ट के 34 साल के शासन के दौरान बांग्लादेशी घुसपैठियों को पश्चिम बंगाल में लाया गया और वोटिंग करवाई गई. उस समय ममता बनर्जी ने इसका विरोध किया था क्योंकि तब वे Chief Minister नहीं थीं. लेकिन अब जब वे Chief Minister हैं, तो उन्हें उन वोटों की जरूरत है. मुस्लिम वोटों के लिए सब एक हो चुके हैं.
–
डीकेएम/एबीएम