ईयू के नए प्रतिबंध पर ईरान को ऐतराज, बोला- ये दोहरा मापदंड

ब्रसेल्स/तेहरान, 25 जुलाई . यूरोपीय संघ (ईयू) की ओर से ईरान पर नए प्रतिबंध लगाए गए हैं. ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाघेई ने इसे ईयू का दोहरा मापदंड करार दिया है.

इस्माइल बाघेई ने social media प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि ईयू एक ओर ईरान में मानवाधिकारों को लेकर चिंता जताता है, जबकि दूसरी ओर देश पर होने वाले सैन्य हमलों का समर्थन करता है.

बाघेई ने यह टिप्पणी यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काजा कालास के उस बयान के जवाब में की, जिसमें उन्होंने ईरान में मानवाधिकारों की स्थिति पर चिंता व्यक्त की थी.

ईरानी प्रवक्ता ने कहा, “यूरोपीय संघ मानवाधिकारों को लेकर कोई विश्वसनीय दावा नहीं कर सकता, जबकि वह ईरान के खिलाफ होने वाले ऐसे सैन्य हमलों को, जिनमें आम नागरिकों और महत्वपूर्ण राष्ट्रीय बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया जाता है, कथित रूप से तकनीकी और लॉजिस्टिक समर्थन देता है.”

उन्होंने आरोप लगाया कि यूरोपीय संघ कथित युद्ध अपराधों की निंदा करने से बचता है और अमेरिकी तथा इजरायली बमबारी और मिसाइल हमलों में मारे गए ईरानी बच्चों के प्रति भी कोई सहानुभूति नहीं दिखाता. बाघेई ने यूरोपीय संघ के इस रुख को “दोहरे मापदंड” का उदाहरण बताया.

Friday को कालास ने एक्स पोस्ट पर ईयू के फैसले से रूबरू कराया. उन्होंने लिखा, “मध्य पूर्व में जारी युद्ध के बीच ईरान में अपने ही नागरिकों के खिलाफ हो रही कार्रवाई और मानवाधिकार स्थिति को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता. यूरोपीय संघ ने ईरान के उन न्यायाधीशों पर नए प्रतिबंध लगाए हैं, जिन पर गंभीर मानवाधिकार उल्लंघनों में शामिल होने का आरोप है. इनमें Political असंतुष्टों और धार्मिक अल्पसंख्यकों के खिलाफ कार्रवाई से जुड़े अधिकारी शामिल हैं.”

ईयू ने एक साइबर समूह के एक प्रमुख सदस्य पर भी प्रतिबंध लगाया है, जिस पर आरोप है कि उसने ईरानी शासन को सूचना नियंत्रण और दमनात्मक गतिविधियों में सहायता पहुंचाई. यूरोपीय संघ ने कहा कि जैसे-जैसे तेहरान देश के भीतर कार्रवाई तेज कर रहा है, वह मानवाधिकार उल्लंघनों के लिए जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराने की दिशा में कदम उठाता रहेगा.

ईयू ने यह भी स्पष्ट किया कि क्षेत्रीय संघर्षों के बीच भी ईरान में नागरिकों की स्वतंत्रता और मानवाधिकारों की स्थिति पर उसकी नजर बनी रहेगी.

केआर/

Leave a Comment