
न्यूटाउन, 25 जून . पश्चिम बंगाल Government में मंत्री दिलीप घोष ने तारातला की घटना, चार आरोपियों की गिरफ्तारी, आठ टीएमसी विधायकों के सस्पेंशन और अभिषेक बनर्जी की यात्रा की अनुमति से जुड़े मुद्दों पर टिप्पणी की.
दक्षिण कोलकाता के तारातला ट्रांसपोर्ट डिपो के पास निर्माणाधीन गोदाम का शेड गिरने से कई लोगों की मौत और घायल होने पर मंत्री दिलीप घोष ने कहा, “पश्चिम बंगाल में सीपीएम के दौर में बड़ा बाजारों में अक्सर आग लगती थी, जिससे जान-माल का भारी नुकसान होता था और सैकड़ों करोड़ की संपत्ति नष्ट हो जाती थी. कई मामलों के बाद उन जगहों पर फ्लैट और कमर्शियल कॉम्प्लेक्स बनाए गए.”
उन्होंने कहा, “टीएमसी Government के दौरान भी पुल गिरने, फ्लाईओवर फेल होने और स्ट्रक्चरल दुर्घटनाओं जैसी घटनाएं आम बात थीं. बड़ा बाजार में जो पुल टूटा था, उसमें जनहानि भी हुई थी और करोड़ों का नुकसान भी हुआ था. टीएमसी के शासनकाल में कई सार्वजनिक संपत्तियों का नुकसान हुआ, शेड गिरना उसका एक उदाहरण है. तारातला हादसे में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
दिलीप घोष ने कहा, “टीएमसी के शासनकाल में कई अवैध निर्माण शुरू किए गए थे, जिनकी जांच होगी. इसके लिए कौन जिम्मेदार है और इसमें कौन शामिल है? ऐसी घटनाओं की ठीक से जांच होनी चाहिए, खासकर निर्माण से जुड़ी उन बड़ी दुर्घटनाओं की जो बहुत गंभीर प्रकृति की होती हैं. तारातला में हुए हादसे में टीएमसी के नेताओं के नाम सामने आ रहे हैं, जांच के बाद आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी, किसी को बख्शा नहीं जाएगा.”
हाईकोर्ट द्वारा अभिषेक बनर्जी को विदेश जाकर आंख का ऑपरेशन कराने की अनुमति न देने पर दिलीप घोष ने कहा, “जिस तरह अभिषेक पर केस चल रहे हैं, उसके अनुसार तो विदेश जाने की अनुमति नहीं मिलेगी. जब Government में थे तब क्यों नहीं विदेश जाकर ऑपरेशन कराया? लोग सब समझ रहे हैं.”
टीएमसी के आठ विधायकों के सस्पेंशन पर घोष ने कहा, “अब टीएमसी कहां है और कौन किसे सस्पेंड कर रहा है? इस समय यह समझना मुश्किल है. पहले विरोधी विधायकों ने ममता बनर्जी को उनके पद से हटाया. अब ममता बनर्जी विधायकों को निकाल रही हैं. ऐसे चलता रहा तो कुछ दिन में ही टीएमसी ही खत्म हो जाएगी.”
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ओपी/डीकेपी