
Bengaluru, 15 जनवरी . ‘विकसित भारत-जी राम जी’ योजना का कांग्रेस पार्टी लगातार विरोध कर रही है. अब कर्नाटक Government ने इस पर चर्चा के लिए विशेष सत्र बुलाया है. Government द्वारा विशेष सत्र बुलाने पर भाजपा नेता लहर सिंह सिरोया ने कहा कि Government को जनता के हित में काम करना चाहिए. ‘विकसित भारत-जी राम जी’ देशहित में है.
Bengaluru में भाजपा नेता लहर सिंह सिरोया ने से बातचीत करते हुए कहा कि मकर संक्रांति के शुभ अवसर पर मैं प्रार्थना करता हूं कि कांग्रेस Government को कुछ समझ आए. हमने मनरेगा के संबंध में जो ‘विकसित भारत-जी राम जी’ कानून पास किया है, वह राष्ट्रीय हित में है. उन्होंने कहा कि ‘विकसित भारत-जी राम जी’ के जरिए अब 100 दिनों की नहीं बल्कि 125 दिनों के रोजगार की गारंटी दी गई है. मजदूर इस फैसले के लिए केंद्र Government की सराहना कर रहे हैं, लेकिन कांग्रेस को सिर्फ विरोध करना है, उन्हें गरीबों की खुशहाली से परेशानी है.
उन्होंने कहा कि यह गांवों और उनके प्राकृतिक सिस्टम को मजबूत करने की दिशा में एक बहुत बड़ा कदम है. इसमें पूरी तरह पारदर्शी तरीके से काम होगा, भ्रष्टाचार की कोई गुंजाइश नहीं रहेगी. साथ ही गांवों को ताकत मिलेगी और स्थानीय लोगों के क्षेत्र में संभावनाएं बढ़ जाएंगी, लेकिन कांग्रेस की Government राहुल गांधी को खुश करने के लिए विशेष सत्र बुलाती है. कांग्रेस हास्यास्पद कदम उठा रही है, जो अच्छा नहीं लग रहा है.
भाजपा नेता ने कर्नाटक के डिप्टी सीएम का जिक्र करते हुए कहा कि उपChief Minister ने कहा कि वे प्रार्थना में विश्वास करते हैं और मैं भी प्रार्थना में विश्वास करता हूं. मैं प्रार्थना करता हूं कि इस कांग्रेस Government के नेतृत्व को सद्बुद्धि मिले और वे लोगों के हित में काम करें.
उन्होंने कहा कि कर्नाटक की Government जनता के हितों को नजरअंदाज कर चुकी है. डिप्टी सीएम ने कहा कि वे प्रार्थना पर विश्वास करते हैं, लेकिन राहुल गांधी को खुश करने में लगे हैं, जबकि जनता ने उन्हें जिस उद्देश्य से चुना है, उसके लिए काम करना चाहिए.
लहर सिंह सिरोया ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर कहा कि प्रशासन नाम की कोई चीज नहीं है. Government गंभीर नहीं हो सकती, क्योंकि इसके चरित्र में नहीं है. जनता ने इस Government को चुना है, लेकिन इस Government से कुछ भी उम्मीद करना अब सही नहीं लगता है. जनता के प्रति Government की जवाबदेही तय नहीं हो रही है.
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डीकेएम/डीकेपी