आर्टेमिस 2 मिशन : चांद का चक्कर लगाने को 4 एस्ट्रोनॉट्स रवाना, इनके बारे में कितना जानते हैं आप?

New Delhi, 2 अप्रैल . अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा का ऐतिहासिक आर्टेमिस 2 मिशन Thursday को फ्लोरिडा के केनेडी स्पेस सेंटर से सफलतापूर्वक लॉन्च हो चुका है. यह 1972 में अपोलो 17 के बाद चांद के आसपास भेजा गया पहला मानवयुक्त मिशन है. इस मिशन में चार एस्ट्रोनॉट्स चांद की परिक्रमा कर लगभग 10 दिनों … Read more

सौर ऊर्जा के बढ़ते उपयोग से तमिलनाडु को गर्मियों में बढ़ती मांग को पूरा करने में मिल रही मदद

चेन्नई, 2 अप्रैल . तमिलनाडु में गर्मी बढ़ने के साथ ही शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की मांग में तेजी से वृद्धि होने लगी है. वहीं, सौर ऊर्जा उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि राज्य को बढ़ते भार को संभालने में मदद कर रही है, जिससे ग्रिड पर दबाव कम हो रहा है और इस महत्वपूर्ण … Read more

डीप स्पेस नेटवर्क: स्पेस का शक्तिशाली साइंटिफिक टेलीकम्युनिकेशन सिस्टम, जानें कैसे करता है काम

New Delhi, 2 अप्रैल . जब अंतरिक्ष यान पृथ्वी से लाखों या करोड़ों किलोमीटर दूर चंद्रमा, मंगल या अन्य ग्रहों की यात्रा पर होते हैं, तब उनके साथ निरंतर संपर्क बनाए रखना बहुत चुनौतीपूर्ण काम होता है. अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा के पास इस चुनौती का समाधान है- डीप स्पेस नेटवर्क के रुप में जिसे … Read more

स्पेस में ‘सेल टावर’ की तरह काम करता है ‘स्पेस नेटवर्क’, जानें पृथ्वी पर कैसे पहुंचता है वैज्ञानिक डेटा

New Delhi, 1 अप्रैल . अंतरिक्ष में रह रहे एस्ट्रोनॉट्स और पृथ्वी पर बैठी टीम के बीच निरंतर संपर्क बनाए रखना बहुत जरूरी है. वैज्ञानिक इसी काम के लिए ‘स्पेस नेटवर्क’ नामक एक एडवांस कम्युनिकेशन सिस्टम का इस्तेमाल करता है. यह नेटवर्क अंतरिक्ष यात्रियों को पृथ्वी और इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन से जुड़े रहने में मदद … Read more

स्पेस में ऐसे पौधे उगाते हैं एस्ट्रोनॉट्स, जानें क्या है ‘वेजी’ सिस्टम

New Delhi, 31 मार्च . जैसे-जैसे इंसान गहरे अंतरिक्ष की यात्रा की तैयारी कर रहा है, पौधों का महत्व और बढ़ गया है. सिर्फ सुंदरता या ऑक्सीजन के लिए नहीं बल्कि ताजे भोजन, विटामिन और मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी अंतरिक्ष में पौधे उगाना जरूरी है. अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा इसी उद्देश्य के साथ स्पेस … Read more

सूर्य की गतिविधि से बनता है ‘स्पेस वेदर’, जानें पृथ्वी को कैसे करता है प्रभावित

New Delhi, 30 मार्च . सूर्य पृथ्वी से लगभग 93 मिलियन मील (150 मिलियन किलोमीटर) दूर है, फिर भी उसकी गतिविधियां हमारी रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करती हैं. सूर्य की सतह पर होने वाली गतिविधियों से बनने वाले मौसम को ‘अंतरिक्ष मौसम’ या स्पेस वेदर कहा जाता है. यह अपने सबसे खतरनाक रूप में … Read more

इंद्रधनुष सा खूबसूरत और रंगीन नजारा, क्या है ग्लोरी?

New Delhi, 30 मार्च . प्रकृति की खूबसूरती नदियों, पहाड़ों तक सीमित नहीं हैं. ये खूबसूरती पानी की बूंद से लेकर बादलों तक के रूप में फैले हुए हैं. साल 2012 में प्रकृति की ऐसी ही खूबसूरती अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा के सैटेलाइट टेरा में कैद हुई. प्रशांत महासागर के ऊपर आसमान में एक ऐसा … Read more

जीरो ग्रैविटी में एस्ट्रोनॉट्स कैसे पीते हैं पानी? जानिए क्या है जीरो-जी कप

New Delhi, 29 मार्च . स्पेस में माइक्रोग्रैविटी का माहौल होता है. यहां गुरुत्वाकर्षण इतना कम होता है कि पानी या कोई भी तरल पदार्थ गिरता नहीं, बल्कि गेंद जैसा बन जाता है या चारों तरफ तैरने लगता है. इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (आईएसएस) पर रह रहे एस्ट्रोनॉट्स के लिए सामान्य कप से पानी पीना असंभव … Read more

हबल स्पेस टेलीस्कोप: ब्रह्मांड की टाइम मशीन, जो रोशनी के सफर से अरबों वर्ष पुराने ब्रह्मांड की दिखाता है झलक

New Delhi, 28 मार्च . हबल स्पेस टेलीस्कोप को अक्सर ब्रह्मांड की एक टाइम मशीन कहा जाता है. यह दूर स्थित ब्रह्मांडीय पिंडों से आने वाली रोशनी को कैद करके हमें समय में पीछे की यात्रा भी कराता है. रोशनी को हबल तक पहुंचने में समय लगता है, इसलिए जो तस्वीरें आज हम देखते हैं, … Read more

उबलता पानी और जहरीली गैसें… पृथ्वी का सबसे गर्म और खतरनाक इलाका, रहस्यों से भरा है ‘डालोल’

New Delhi, 26 मार्च . दुनिया जहान में ऐसी कई जगह हैं जहां प्रकृति की केवल खूबसूरत ही नहीं बल्कि खतरनाक और रहस्यमयी झलक भी दिखती है. इथियोपिया के डानाकिल डिप्रेशन में स्थित डालोल क्षेत्र पृथ्वी पर सबसे खतरनाक और अनोखे स्थानों में से एक है. यहां हाइड्रोथर्मल सिस्टम में नमक की चिमनियां, गर्म झरने … Read more

अंटार्कटिका की शुष्क घाटियों में बहता ‘खूनी’ झरना, जानें ‘ब्लड फॉल्स’ पर क्या कहते हैं वैज्ञानिक

New Delhi, 24 मार्च . दुनिया भर में ऐसी कई जगहें हैं, जिनके पीछे का रहस्य हैरत में डालता है. इस लिस्ट में अंटार्कटिका की शुष्क घाटियों में स्थित ‘ब्लड फॉल्स’ का नाम शामिल है, जो दुनिया के सबसे रहस्यमयी और आश्चर्यजनक प्राकृतिक स्थलों में से एक है. ब्लड फॉल्स यानी लाल रंग का झरना … Read more

मेटियोरोलॉजिकल मेजरमेंट सिस्टम क्या है, जानें कैसे करता है काम?

New Delhi, 23 मार्च . मेटियोरोलॉजिकल मेजरमेंट सिस्टम या एमएमएस एक उन्नत हवाई उपकरण है, जो वायुमंडल की तात्कालिक स्थिति या मौसम को सटीक और उच्च रिजॉल्यूशन में मापता है. यह मुख्य रूप से विमान पर लगाया जाता है और एयरक्राफ्ट के आस-पास के वातावरण की महत्वपूर्ण जानकारी कलेक्ट करता है. एमएमएस मौसम विज्ञानियों, शोधकर्ताओं … Read more

ऐसी झील, जहां खूबसूरती और खौफ साथ-साथ रहते हैं; 1986 में बरसी थी मौत

New Delhi, 22 मार्च . पृथ्वी पर कई खूबसूरत और शांत तो कई बेहद खतरनाक और रहस्यों से भरी जगहें भी हैं. कैमरून का लेक न्योस भी कुछ ऐसा ही है. देखने में भले यह झील शांत लगे, लेकिन वास्तव में कई जानें ले चुका है. वैज्ञानिक भी मानते हैं कि कैमरून की लेक न्योस … Read more

स्पेस रेडिएशन क्या है और एस्ट्रोनॉट्स इससे कैसे बचते हैं?

New Delhi, 20 मार्च . अंतरिक्ष यात्रा रोमांचक है, लेकिन वहां कई चुनौतियां भी हैं. इनमें बड़ी चुनौती है स्पेस रेडिएशन यानी अंतरिक्ष विकिरण. पृथ्वी पर चुंबकीय क्षेत्र और वातमंडल हमें अधिकांश हानिकारक कणों से बचाता है. यहां हम रोज थोड़ा-बहुत प्राकृतिक विकिरण के संपर्क में आते हैं लेकिन, अंतरिक्ष में अंतरिक्ष यात्री अलग तरह … Read more

हर 6 साल पर पृथ्वी के पास से गुजरता है ‘बेन्नू’, रहस्यों से भरे एस्टेरॉयड के लिए जानें क्या कहते हैं वैज्ञानिक

New Delhi, 19 मार्च . एस्टेरॉयड बेन्नू एक छोटा लेकिन बेहद महत्वपूर्ण अंतरिक्ष पिंड है, जो पृथ्वी के काफी करीब से गुजरता रहता है. हर छह साल में यह हमारे ग्रह से महज लगभग 3 लाख किलोमीटर यानी चंद्रमा से भी कम दूरी से गुजरता है. अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा के ओएसआईआरआईएस-आरईएक्स मिशन बेन्नू से … Read more

ग्रैविटी के नियमों को चुनौती देता है देश के इस हिस्से में स्थित ‘मैग्नेटिक हिल’, अपने आप चलती है गाड़ियां

New Delhi, 18 मार्च . India एक बेहद खूबसूरत और रहस्यों से भरा देश है. यहां की प्राकृतिक संपदा इतनी विविध है कि हर कोना कुछ न कुछ अनोखा पेश करता है. लद्दाख की ऊंची-ऊंची बर्फीली चोटियां, नीला आसमान और रहस्यमयी जगहें इसे और भी खास बनाती हैं. ऐसी ही एक जगह है मैग्नेटिक हिल, … Read more

अल्ट्रावॉयलेट लाइट क्या है? जानिए इसका विज्ञान और सूरज से आने वाली किरणों का रहस्य

New Delhi, 17 मार्च . अल्ट्रावॉयलेट लाइट, जिसे पराबैंगनी (यूवी) किरणें भी कहा जाता है, एक विशिष्ट प्रकार की विद्युत चुंबकीय तरंग है. इसकी तरंगदैर्ध्य (वेवलेंथ) दिखाई देने वाली रोशनी (दृश्य प्रकाश) से कम होती है, जिस कारण यह मानवीय आंखों के लिए अदृश्य होती है. हालांकि, प्रकृति में मधुमक्खियों और भंवरों जैसे कुछ जीवों … Read more

भारत ने पहले बिम्सटेक यंग प्रोफेशनल्स एक्सचेंज प्रोग्राम का किया आयोजन

New Delhi, 16 मार्च . India ने 9 से 15 मार्च 2026 के बीच पहले बिमस्टेक (बीआईएमएसटीईसी) यंग प्रोफेशनल्स एक्सचेंज प्रोग्राम की मेजबानी की. यह कार्यक्रम विदेश मंत्रालय, India और Maharashtra Government के साझे सहयोग से Mumbai और पुणे में आयोजित किया गया. विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस पहल में ‘बंगाल की खाड़ी बहु-क्षेत्रीय तकनीकी … Read more

बृहस्पति का रहस्यमयी ‘ग्रेट रेड स्पॉट’, जानें विशाल घूमते ‘तूफान’ के लिए क्या कहते हैं वैज्ञानिक

New Delhi, 16 मार्च . सूर्य से पांचवां ग्रह बृहस्पति सौरमंडल का सबसे बड़ा ग्रह है और इसका द्रव्यमान अन्य सभी ग्रहों के कुल द्रव्यमान से भी दोगुने से अधिक है. लेकिन इन बातों के बीच हैरत में डालता है बृहस्पति ग्रह पर स्थित विशाल लाल धब्बा या ग्रेट रेड स्पॉट, जिसे जीआरएस भी कहा … Read more

दिन में सिर्फ 2 से 3 घंटे नजर आती है फ्रांस की अनोखी सड़क, चंद्रमा से है ‘पैसेज डू गोइस’ का कनेक्शन

New Delhi, 15 मार्च . साइंस की दुनिया जितनी रोचक है, उतनी ही रहस्यों से भी भरी होती है. ऐसी ही रहस्य और रोचकता से भरी है फ्रांस की अनोखी सड़क, जिसे ‘पैसेज डू गोइस’ के नाम से जाना जाता है. यह सड़क दिन में सिर्फ दो घंटे के लिए पानी से बाहर दिखती है. … Read more