राहुल गांधी पर मानहानि मामले में Supreme Court का जल्द सुनवाई से इनकार, सीजेआई बोले-हमारे सामने सब बराबर

New Delhi, 9 सितंबर . Lok Sabha में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ चल रहे मानहानि मामले में जल्द सुनवाई की मांग पर Supreme Court ने Wednesday को इंकार कर दिया. Supreme Court ने कहा कि हमारे सामने सब बराबर हैं.

Supreme Court ने शिकायतकर्ता को मामले की शीघ्र सुनवाई के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन दाखिल करने को कहा है. चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने भरोसा दिया कि आवेदन मिलने के बाद उस पर विचार किया जाएगा.

चीफ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ के समक्ष शिकायतकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता गौरव भाटिया पेश हुए. उन्होंने अदालत को बताया कि राहुल गांधी इस मामले में कोई वीआईपी नहीं हैं और उनकी अपील करीब पांच महीने से सुनवाई के लिए लंबित है.

उन्होंने कहा कि मामला कई बार सूची में आया लेकिन किसी कारण से सुनवाई नहीं हो सकी. गौरव भाटिया ने दलील दी कि बार-बार मामले की सुनवाई टलना संस्थान के लिए भी उचित नहीं है. इस पर सीजेआई सूर्यकांत ने कहा कि मामले में तय प्रक्रिया का पालन किया जाना चाहिए. आवेदन मिलने के बाद वह उस पर विचार करेगा.

बता दें कि यह मामला दिसंबर 2022 में राहुल गांधी की ओर से दिए गए एक बयान से जुड़ा है. भारत-चीन सीमा पर हुई झड़प को लेकर केंद्र Government पर सवाल उठाते हुए राहुल गांधी ने दावा किया था कि चीनी सैनिक अरुणाचल प्रदेश में भारतीय सेना के जवानों को पीट रहे हैं. उनके इस बयान पर बॉर्डर रोड्स ऑर्गनाइजेशन के पूर्व डायरेक्टर उदय शंकर श्रीवास्तव ने शिकायत दर्ज कराई थी.

शिकायत में आरोप लगाया गया कि राहुल गांधी का बयान भारतीय सेना के लिए अपमानजनक है और इससे सेना की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा है. इसी मामले में Lucknow की अदालत ने राहुल गांधी को पेश होने के लिए समन जारी किया था.

समन को चुनौती देते हुए राहुल गांधी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट का रुख किया था. हालांकि, हाईकोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी. इसके बाद राहुल गांधी ने Supreme Court में अपील दाखिल की. Supreme Court ने पहले मामले में आगे की कार्रवाई पर रोक लगाई थी.

एसएके/पीएम

Leave a Comment