
jaipur, 5 सितंबर . Rajasthan के शहरी निकाय चुनावों में नामांकन वापस लेने की प्रक्रिया पूरी होने के बाद कुल 77 उम्मीदवार पार्षद पद पर निर्विरोध निर्वाचित हो गए हैं. उनके खिलाफ कोई अन्य उम्मीदवार मैदान में नहीं बचा, इसलिए संबंधित रिटर्निंग अधिकारियों ने सभी 77 विजेताओं को निर्वाचन प्रमाणपत्र जारी कर दिया है.
निर्वाचन आयोग की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने सबसे अधिक निर्विरोध जीत हासिल की है. पार्टी के 44 उम्मीदवार बिना किसी मुकाबले के पार्षद चुने गए हैं.
भाजपा की ये 44 निर्विरोध जीत कई जिलों में दर्ज हुई हैं. चित्तौड़गढ़ में सबसे अधिक 6 उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए. इसके बाद अलवर और जोधपुर में 4-4 उम्मीदवार निर्विरोध जीते. बीकानेर, डीग और जालौर में भाजपा के 3-3 उम्मीदवार बिना मुकाबले के विजयी रहे.
सीकर, खैरथल-तिजारा, झुंझुनूं और डूंगरपुर में भाजपा के 2-2 उम्मीदवार निर्विरोध चुने गए. वहीं बालोतरा, बांसवाड़ा, ब्यावर, भरतपुर, चूरू, धौलपुर, सिरोही, टोंक, राजसमंद, पाली, नागौर, झालावाड़ और jaipur से भाजपा का 1-1 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित हुआ.
कांग्रेस को निर्विरोध जीत के मामले में दूसरा स्थान मिला है. पार्टी के 16 उम्मीदवार बिना किसी विरोध के पार्षद चुने गए हैं.
कांग्रेस के लिए सीकर में 3 उम्मीदवार निर्विरोध जीते, जबकि jaipur में 2 उम्मीदवार बिना मुकाबले के विजयी रहे. इसके अलावा सवाई माधोपुर, राजसमंद, नागौर, कोटा, झुंझुनूं, झालावाड़, जैसलमेर, गंगानगर, धौलपुर, दौसा और बूंदी से कांग्रेस का 1-1 उम्मीदवार निर्विरोध चुना गया.
दोनों प्रमुख दलों के अलावा 17 निर्दलीय उम्मीदवार भी निर्विरोध पार्षद निर्वाचित हुए हैं. इसका मतलब है कि वे बिना मतदान का सामना किए सीधे संबंधित शहरी निकायों में पहुंचेंगे.
ये नतीजे नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद सामने आए हैं, जिससे शहरी निकाय चुनावों के लिए मैदान में बचे उम्मीदवारों की अंतिम सूची तय हो गई.
जिन उम्मीदवारों के खिलाफ कोई प्रतिद्वंद्वी नहीं था, उन्हें चुनाव प्रक्रिया के नियमों के अनुसार रिटर्निंग अधिकारियों ने विजयी घोषित कर दिया.
निर्विरोध जीत के मामले में भाजपा सबसे आगे रही है. उसके बाद कांग्रेस और फिर निर्दलीय उम्मीदवारों का स्थान है.
बाकी सीटों का फैसला अब चुनावी मुकाबले के जरिए होगा, जहां मैदान में बने हुए उम्मीदवारों के बीच मतदान कराया जाएगा.
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एएमटी/डीकेपी