भूख हड़ताल पर बैठे जरांगे पाटिल से नहीं मिलेगा सरकारी प्रतिनिधिमंडल: राधाकृष्ण विखे पाटिल

Mumbai /जालना, 8 सितंबर . मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे पाटिल की भूख हड़ताल का 11वां दिन है. इस बीच, Maharashtra के मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल ने Tuesday को साफ किया कि उनसे मिलने के लिए कोई Governmentी प्रतिनिधिमंडल नहीं भेजा जाएगा. उन्होंने कहा कि प्रशासन ने इस मुद्दे को हल करने के लिए पहले ही सभी उपलब्ध उपाय कर लिए हैं.

हालांकि मंत्री उदय सामंत और भाजपा विधायक प्रसाद लाड के साथ आधी रात को हुई फोन पर बातचीत के बाद जरांगे पाटिल ने अपना मेडिकल इलाज फिर से शुरू कर दिया है, लेकिन वे आरक्षण लागू करने की अपनी मुख्य मांगों पर अडिग हैं.

जारांगे पाटिल के रुख पर टिप्पणी करते हुए मराठा आरक्षण पर कैबिनेट उप-समिति के अध्यक्ष मंत्री विखे पाटिल ने कहा कि कार्यकर्ता को अपनी बात पर कायम रहने का अधिकार है, लेकिन उन्होंने दोहराया कि Government ने मराठा समुदाय के व्यापक कल्याण के प्रति अपनी प्रतिबद्धताओं को पूरा किया है.

मंत्री विखे पाटिल ने कहा कि अगर जारांगे पाटिल अपनी बात पर अड़े रहते हैं, तो यह उनका फैसला है. Government ने अपनी तरफ से सभी जरूरी कदम उठाए हैं, फिर भी वे असंतुष्ट हैं. हम बाकी चिंताओं को दूर करने की कोशिश कर रहे हैं और हमारे फैसलों को लागू करने का काम पहले से ही चल रहा है. इस समय, मेरे पास उन्हें संतुष्ट करने के लिए कोई और विकल्प नहीं है.

Chief Minister देवेंद्र फडणवीस और उपChief Minister एकनाथ शिंदे की आलोचना का जवाब देते हुए मंत्री विखे पाटिल ने ऐतिहासिक रिकॉर्ड की पहचान करने में राज्य की प्रगति पर प्रकाश डाला. उन्होंने बताया कि ग्राम पंचायत स्तर पर 58 लाख कुनबी रिकॉर्ड दिखाए गए हैं. 520 आवेदनों में से 240 विशेष रूप से प्रमाण पत्र प्राप्त करने के लिए थे, और वंशावली विवरणों के सत्यापन के साथ ही प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया चल रही है.

उन्होंने कहा कि पिछले कुछ सालों में मौजूदा नेतृत्व के तहत लिए गए फैसलों से समुदाय के लिए अभूतपूर्व प्रगति हुई है.

मंत्री ने पूर्व Chief Minister उद्धव ठाकरे पर भी तीखा हमला किया और आरोप लगाया कि ठाकरे के Chief Minister रहते हुए आरक्षण खत्म हो गया था. उन्होंने जारांगे पाटिल से अल्टीमेटम देने के बजाय राज्य Government की कोशिशों को समझने की अपील की और जोर दिया कि Government ने लगातार आगे कदम उठाए हैं.

मंत्री विखे पाटिल ने कहा कि Government को जरांगे पाटिल से सकारात्मक प्रतिक्रिया की उम्मीद है. उन्होंने बताया कि जस्टिस (रिटायर्ड) शिंदे अभी संभाजीनगर में ऐतिहासिक रिकॉर्ड की जांच-पड़ताल की देखरेख कर रहे हैं, और उम्मीद जताई कि एक्टिविस्ट अब आगे का रास्ता तय करने में मदद करेंगे.

एमएस/

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