भारत से व्यापार बंद होने के बाद पाकिस्तान को 40 अरब डॉलर का नुकसान: रिपोर्ट

New Delhi, 3 नवंबर . India के साथ वर्ष 2019 से व्यापारिक संबंध निलंबित होने के कारण Pakistan को अनुमानित 40 अरब डॉलर का आर्थिक नुकसान हुआ है. India से आयात बंद होने के बाद Pakistanी कारोबारियों को दूसरे और दूरस्थ देशों से सामान मंगाना पड़ रहा है, जिससे परिवहन, माल ढुलाई और लॉजिस्टिक्स की लागत में भारी वृद्धि हुई है. पाक-इंडिया बिजनेस काउंसिल के अध्यक्ष ने यह जानकारी दी.
कई मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, काउंसिल के अध्यक्ष नूर मुहम्मद कसूरी ने कहा कि पुलवामा आतंकी हमले और उसके बाद दोनों देशों के बीच बढ़े तनाव के चलते वाणिज्यिक संबंध बाधित हुए. इसका सीधा असर Pakistan के कारोबार और उद्योगों पर पड़ा है. India से पहले जिन वस्तुओं का आयात आसानी से हो जाता था, अब उन्हें दूसरे देशों से मंगाने में अधिक समय और पैसा खर्च करना पड़ रहा है.
कसूरी ने बताया कि Pakistan का दवा उद्योग पहले India से मिलने वाले कच्चे माल पर काफी हद तक निर्भर था. उनके अनुमान के मुताबिक, India से आयात दोबारा शुरू होने पर Pakistan को हर साल 2 से 3 अरब डॉलर की बचत हो सकती है.
उन्होंने कहा कि घरेलू स्तर पर कपास उत्पादन में गिरावट के कारण Pakistan के कपड़ा उद्योग पर भी अतिरिक्त 5 अरब डॉलर का बोझ पड़ा है. कपड़ा मिलों को अब ब्राजील, मिस्र, चीन और अमेरिका जैसे देशों से कपास मंगानी पड़ रही है. वहीं, कपास उत्पादन वाले पारंपरिक क्षेत्रों के किसान तेजी से गन्ने की खेती की ओर रुख कर रहे हैं, जिससे भविष्य में यह संकट और गंभीर हो सकता है.
कसूरी के मुताबिक, Pakistan India की पर्याप्त उत्पादन क्षमता के बावजूद चीनी, उर्वरक, सीमेंट, पेट्रोलियम उत्पाद, लोहा और इस्पात, सब्जियां तथा भारी मशीनरी जैसी वस्तुएं दूरस्थ बाजारों से आयात कर रहा है.
उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच व्यापार बहाल होने से परिवहन लागत कम हो सकती है और आपूर्ति श्रृंखला में सुधार आ सकता है. India की तेल रिफाइनरियां भौगोलिक रूप से Pakistan के अधिक नजदीक हैं, इसलिए India से पेट्रोलियम उत्पादों का आयात सस्ता पड़ सकता है. इसके अलावा, भारतीय कृषि और औद्योगिक उत्पादों की उपलब्धता से Pakistan के कई उद्योगों की उत्पादन लागत भी घट सकती है.
कसूरी ने कहा कि व्यापारिक संबंधों के निलंबन का असर पर्यटन पर भी पड़ा है. Pakistan आने वाले भारतीय पर्यटकों की संख्या में बड़ी कमी आई है. इनमें धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों के साथ-साथ अपने पैतृक घरों और गांवों को देखने आने वाले लोग भी शामिल थे. उन्होंने कहा कि Pakistan और India के बीच ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और पारिवारिक संबंध रहे हैं, जो दोनों देशों के बीच बेहतर रिश्तों की नींव बन सकते हैं.
कसूरी ने क्षेत्रीय आर्थिक सहयोग का उदाहरण देते हुए श्रीलंका के आर्थिक संकट के दौरान India की ओर से दी गई वित्तीय सहायता का भी उल्लेख किया. उन्होंने कहा कि मुश्किल समय में क्षेत्रीय सहयोग दोनों देशों के लिए आर्थिक रूप से लाभकारी साबित हो सकता है.
डीएससी


