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Wednesday, 4 November 2026
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‘फारूक अब्दुल्ला की मानसिकता गलत’, एसआईआर को लेकर दिए बयान पर बोले बृजभूषण शरण सिंह

‘फारूक अब्दुल्ला की मानसिकता गलत’, एसआईआर को लेकर दिए बयान पर बोले बृजभूषण शरण सिंह

गोंडा, 3 नवंबर . भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के एसआईआर को लेकर दिए गए बयान पर प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख फारूक अब्दुल्ला के बयान पर भी पलटवार किया है.

दरअसल, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा था कि एसआईआर यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन के दौरान देशभर में तीन करोड़ ऐसे लोगों के नाम मतदाता सूची से काटे गए हैं, जो घुसपैठिए हैं. दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश में एक करोड़ से अधिक हिंदुओं के नाम काटे जाने की बात कही. इस पर नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता फारूक अब्दुल्ला ने सवाल उठाते हुए कहा था कि क्या वे Pakistanी हैं?

फारूक अब्दुल्ला के इस बयान पर बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि फारूक अब्दुल्ला एक पुराने और अनुभवी नेता हैं, लेकिन उनका सोचने का तरीका सही नहीं है और उनकी मानसिकता गलत है.

बृजभूषण शरण सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान को स्पष्ट करते हुए कहा कि उन्होंने बताया है कि पूरे देश में मतदाता सूची से कुल तेरह करोड़ नाम काटे गए हैं. इनमें से तीन करोड़ ऐसे मतदाता थे, जो बांग्लादेश या किसी अन्य देश से आए हुए घुसपैठियों के तौर पर चिन्हित किए गए हैं.

उन्होंने कहा कि बाकी के जो नौ से दस करोड़ नाम काटे गए हैं, जिनमें उत्तर प्रदेश के एक करोड़ हिंदुओं के नाम भी शामिल हैं, वे ऐसे लोग हैं, जिनका नाम दो या तीन जगहों पर मतदाता के रूप में दर्ज था. उदाहरण के तौर पर एक ही व्यक्ति का नाम अपने गांव में भी है, बगल के कस्बे में भी है, जिला मुख्यालय में भी है और दिल्ली में उसका व्यवसाय होने के कारण दिल्ली में भी उसका नाम वोटर लिस्ट में दर्ज है.

पूर्व सांसद ने कहा कि इस तरह से एक ही व्यक्ति के कई जगहों पर नाम होने के कारण लगभग दस करोड़ नाम काटे गए हैं. इसलिए यहां जो नाम काटे गए हैं, वे हिंदू और मुस्लिम के आधार पर नहीं काटे गए हैं. जिनके नाम दो या तीन जगहों की सूची में थे, उनके नाम ही काटे गए हैं. यह प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी और निष्पक्ष है.

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पीआईएम/एबीएम

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