
New Delhi, 20 सितंबर . Lok Sabha में विपक्ष के नेता राहुल गांधी द्वारा ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में पीएम मोदी की नकल करने पर सियासत तेज हो गई है. भारतीय जनता पार्टी और जनता दल यूनाइटेड ने राहुल गांधी के इस कृत्य की कड़ी निंदा करते हुए इसे Prime Minister पद का अपमान बताया है.
जदयू एमएलसी नीरज कुमार ने कहा, “यह बहुत बुरी घटना थी. देश के इतिहास में नेहरू परिवार से दो Prime Minister, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी को अपनी जान देनी पड़ी. वे आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में शहीद हुए. Prime Minister के संवैधानिक पद पर बैठा व्यक्ति देश का Prime Minister है.”
उन्होंने कहा कि क्या स्वर्गीय मां की नकल करना किसी भी तरह से सही है? क्या हम ऐसे ही रहते हैं? क्या यही हमारी संस्कृति है? हम अपने पूर्वजों का सम्मान करते हैं, लेकिन राहुल गांधी जी, यही वजह है कि आपके नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी Political रूप से लगातार कमजोर होती जा रही है.
राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर मंत्री श्रवण कुमार ने कहा, “लोग सब देखते हैं, सब समझते हैं. जनता उन्हें सबक सिखाती है.
इसके अलावा भाजपा एमएलसी नवल किशोर यादव ने कहा, “राहुल गांधी और कुछ नहीं कर सकते. कभी-कभी इंसान का शरीर बड़ा हो जाता है, जबकि मन छोटा रह जाता है.”
बहुजन समाज पार्टी को लेकर सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने कहा, “बहन मायावती के पास अब कोई काम नहीं बचा है. वह एक को हटाकर दूसरा लाएंगी, फिर दूसरे को हटाकर तीसरा लाएंगी. फिर तीसरे को हटाकर पहले को वापस लाएंगी. बहुजन समाज पार्टी में यही हो रहा है, जो बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है.”
वहीं, राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर सपा सांसद ने कहा, भाजपा मुद्दों को घुमाने में माहिर है. Prime Minister के रैली वाले स्क्रिप्ट को लेकर वहां मजाकिया तौर पर मंचन किया गया. इसे भाजपा घुमाकर पीएम की तरफ ले जा रही है.
दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव के नतीजों को लेकर सीपीआई (एम) के पूर्व सांसद हन्नान मोल्लाह ने कहा, “एबीवीपी लगातार जीतती रही है. यह आज कोई नई बात नहीं है. दिल्ली यूनिवर्सिटी के छात्रों का एक बड़ा हिस्सा इस कम्युनलिज्म से प्रभावित है.”
राहुल गांधी वाले विवाद पर पूर्व सांसद ने कहा कि झूठे आरोप लगाना भाजपा का चरित्र है. वो सौ फीसदी झूठ बोलते हैं और इसे अपना जन्मसिद्ध अधिकार समझते हैं. Prime Minister मोदी को लेकर मजाक करना कोई नई बात नहीं है. राहुल गांधी मजाक करने नहीं गए थे. वो जो कर रहे हैं, उससे भाजपा डर गई है. शिक्षा इस Government के लिए मौत का घंटा होगा. शिक्षा की वजह से उनके मंत्री को त्यागपत्र देना पड़ा. राहुल गांधी ने नौजवानों की तकलीफ समझने के लिए यह बैठक बुलाई.
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केके/वीसी