
New Delhi, 2 सितंबर . भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने पंजाब Government, जम्मू-कश्मीर की राजनीति, दिशा सालियान मामले, एसपी-कांग्रेस गठबंधन, उत्तराखंड में गैर-मान्यता प्राप्त मदरसों के खिलाफ कार्रवाई, आतंकवाद, जीडीपी ग्रोथ और एसआईआर समेत कई मुद्दों पर विपक्ष पर निशाना साधा. उन्होंने अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर भी गंभीर दावे किए.
आरपी सिंह ने दावा किया कि Enforcement Directorate (ईडी) ने पंजाब Police को कथित भ्रष्टाचार से संबंधित करीब 200 पन्नों की रिपोर्ट पहले ही सौंप दी है. रिपोर्ट में Chief Minister कार्यालय से जुड़े एक अधिकारी पर ट्रांसफर-पोस्टिंग के नाम पर कथित तौर पर पैसे लेने और अन्य लोगों के माध्यम से गतिविधियां संचालित करने के आरोपों का उल्लेख है. एक कथित बिचौलिए के घर पर हुई कार्रवाई के दौरान करीब 21 लाख रुपए मिलने और पैसे बाहर फेंके जाने की बात सामने आई थी. ईडी ने पंजाब Police से इस मामले में First Information Report दर्ज करने का आग्रह किया, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर अदालत का रुख किया गया है.
उन्होंने Chief Minister भगवंत मान के परिवार से जुड़े एक अन्य आरोप का भी जिक्र किया और कहा कि इन मामलों की जांच कानूनी प्रक्रिया के तहत होनी चाहिए.
श्रीनगर में भाजपा और नेशनल कॉन्फ्रेंस के बीच टकराव पर आरपी सिंह ने कहा कि जम्मू-कश्मीर Government बिजली आपूर्ति को लेकर अपने वादे पूरे करने में विफल रही है. उन्होंने कहा कि इसी के विरोध में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया.
दिशा सालियान मामले पर उन्होंने कहा कि यह अब सीबीआई जांच का विषय है. अदालत के आदेश के बाद जांच आगे बढ़ेगी और जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए.
मौलाना अरशद मदनी के बयान पर आरपी सिंह ने कहा कि आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने हिंदू समाज और मुसलमानों को लेकर जो बात कही थी, उसे लेकर विवाद खड़ा करने की कोशिश की जा रही है. उन्होंने सलमान खुर्शीद की उस टिप्पणी का भी उल्लेख किया जिसमें आतंकवाद को किसी धर्म से नहीं जोड़ने की बात कही गई थी. आतंकवादी गतिविधियों को लेकर एक समुदाय पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि आतंकवाद का किसी धर्म से संबंध नहीं होना चाहिए, लेकिन हाल की कुछ आतंकी गतिविधियों में एक विशेष धार्मिक पहचान वाले लोग शामिल रहे हैं.
Actress स्वरा की टिप्पणियों पर आरपी सिंह ने उन्हें ‘रेडिकल लेफ्ट’ की विचारधारा से जोड़ते हुए कहा कि उनके बयान भारतीय मूल संस्कृति पर आधारित मान्यताओं के खिलाफ हैं. उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें इस मुद्दे पर बोलना चाहिए, लेकिन उनके मुताबिक राहुल गांधी ऐसा नहीं करेंगे.
सीपीआई नेता अमरजीत कौर के कथित बयान को लेकर आरपी सिंह ने कहा कि लोकतंत्र में इस तरह की भाषा स्वीकार्य नहीं होनी चाहिए. लोकतांत्रिक व्यवस्था में Government बदलने के लिए चुनाव और वोट का रास्ता मौजूद है. चुनावी राजनीति में विफल होने के बाद इस तरह की भाषा का इस्तेमाल Political निराशा को दिखाता है.
राम मंदिर ट्रस्ट में सीईओ नियुक्त किए जाने के प्रस्ताव पर आरपी सिंह ने कहा कि यदि कोई पेशेवर व्यक्ति ट्रस्ट के प्रशासनिक कामकाज को देखता है तो इससे पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ सकती है. देश को ऐसी व्यवस्था का स्वागत करना चाहिए जिससे ट्रस्ट के कामकाज में बेहतर प्रशासन और अकाउंटेबिलिटी सुनिश्चित हो.
एससीओ बैठक के संदर्भ में उन्होंने कहा कि Prime Minister Narendra Modi ने आतंकवाद के खिलाफ India का रुख स्पष्ट रखा है. India ने एससीओ के सदस्य देशों से आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की अपील की है और उन देशों के खिलाफ भी सख्त रुख अपनाने की बात कही है, जहां आतंकवादी ढांचे को पनाह देने का आरोप है.
उत्तर प्रदेश में Samajwadi Party और कांग्रेस के संभावित गठबंधन पर आरपी सिंह ने कहा कि दोनों दलों के बीच सीटों को लेकर पहले भी मतभेद सामने आए हैं. पिछले उपचुनाव के दौरान कांग्रेस ने कई सीटों की मांग की थी, लेकिन अखिलेश यादव ने उसे स्वीकार नहीं किया. आगामी चुनाव में गठबंधन होता है या नहीं, इससे भाजपा की चुनावी संभावनाओं पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ेगा. उन्होंने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में जीत बीजेपी और Chief Minister योगी आदित्यनाथ की होगी.
उत्तराखंड में गैर-मान्यता प्राप्त मदरसों के खिलाफ कार्रवाई पर भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि किसी भी शिक्षण संस्थान के संचालन के लिए निर्धारित कानूनी प्रक्रिया और मान्यता का पालन जरूरी है. यदि कोई संस्था आवश्यक मानकों को पूरा नहीं करती है तो Government कानून के अनुसार कार्रवाई कर सकती है.
India की जीडीपी ग्रोथ के आंकड़ों पर आरपी सिंह ने राहुल गांधी की आर्थिक नीतियों संबंधी टिप्पणियों पर सवाल उठाया. उपलब्ध आर्थिक आंकड़े India की अर्थव्यवस्था में मजबूती और लगातार विकास की ओर संकेत करते हैं. उन्होंने दावा किया कि देश में प्रति व्यक्ति आय में वृद्धि हुई है और बड़ी संख्या में लोगों को गरीबी रेखा से ऊपर लाया गया है. उन्होंने ‘ड्रोन दीदी’ और ‘लखपति दीदी’ जैसी योजनाओं का भी उल्लेख किया. राहुल गांधी को आर्थिक प्रगति के सकारात्मक आंकड़े दिखाई नहीं देते और वे केवल Government की आलोचना पर ध्यान केंद्रित करते हैं.
एसआईआर को लेकर राहुल गांधी के सवालों पर आरपी सिंह ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया को लेकर बार-बार सवाल उठाना उचित नहीं है. Supreme Court ने एसआईआर प्रक्रिया की वैधानिकता को स्पष्ट किया है. चुनाव आयोग की प्रक्रिया पर लगातार सवाल उठाने से लोकतांत्रिक संस्थाओं पर जनता का भरोसा प्रभावित हो सकता है.
सीजेपी की ओर से 5 सितंबर को प्रस्तावित मार्च वापस लिए जाने पर आरपी सिंह ने कहा कि Government ने अपना वादा पूरा किया है. जिन छात्रों के खिलाफ मुकदमे दर्ज थे, उनके संबंध में Supreme Court का आदेश आया है और इसी के बाद मार्च रद्द किया गया. Government अपने आश्वासन पर कायम रही है.
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पीएसके