
आगरा, 15 सितंबर . भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने श्रीलंका को हराकर एशिया कप 2026 का खिताब जीता है. फाइनल जीतने के बाद भारतीय टीम ने एशिया कप का खिताब एशियन क्रिकेट काउंसिल (एसीसी) के अध्यक्ष मोहसिन नकवी से नहीं लिया. इससे पहले भारतीय पुरुष टीम ने भी एशिया कप जीतने के बाद नकवी से खिताब नहीं लिया था.
भारतीय महिला टीम की दिग्गज ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा के भाई सुमित शर्मा का कहना है कि यह निर्णय बीसीसीआई का है. बीसीसीआई ही निर्णय लेता है कि हमें Pakistan के साथ खेलना है या नहीं या फिर कैसा व्यवहार करना है.
सुमित ने के साथ बातचीत में कहा, “दोनों देशों के बीच ऐसा माहौल है कि न तो हमें उनके साथ खेलना पसंद है और न ही हाथ मिलाना पसंद है. इसी वजह से हम एसीसी के Pakistanी अध्यक्ष के साथ ट्रॉफी लेना पसंद नहीं करते. पूरी टीम देश के साथ खड़ी है. सेना के साथ खड़ी है. भारतीय पुरुष टीम ने भी एशिया कप जीतने के बाद एसीसी अध्यक्ष मोहसिन नकवी से ट्रॉफी नहीं लिया था.”
उन्होंने कहा, “ट्रॉफी का मिलना या न मिलना ज्यादा महत्व नहीं रखता. हमने फाइनल खेला और जीते ये ज्यादा अहम है. इससे अच्छा जवाब भी Pakistan के लिए नहीं हो सकता. देश का सम्मान सबसे पहले है. देश की बेटियों ने Pakistan को करार जवाब दिया है.”
सुमित ने कहा, “मैं भारतीय महिला क्रिकेट टीम को बधाई देना चाहता हूं. टीम ने टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करते हुए एशिया कप जीता है. दो साल पहले एशिया कप के फाइनल में श्रीलंका ने हमें हराया था. हम उस हार का बदला अब ले लिया है.”
उन्होंने कहा, “टूर्नामेंट में हमारे खिलाड़ियों का प्रदर्शन बेहतर रहा है. शेफाली वर्मा शीर्ष स्कोरर हैं, जबकि स्मृति मंधाना दूसरे नंबर पर हैं. वहीं, दीप्ति शर्मा ने सबसे ज्यादा विकेट लिए हैं. दूसरे नंबर पर श्रीचरणी हैं.”
दीप्ति शर्मा के बारे में सुमित ने कहा, “उसने हमेशा ही टीम की जरूरत के मुताबिक अच्छा प्रदर्शन किया है. बल्लेबाजी, गेंदबाजी या फिर क्षेत्ररक्षण, खेल से हर विभाग में दीप्ति का अहम योगदान रहता है. विश्व कप और एशिया कप में सर्वाधिक विकेट लेने वाली गेंदबाज बनने के बाद जापान में होने वाले एशियन गेम्स में भी हमें दीप्ति से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद है.”
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पीएके