
Bengaluru, 30 अगस्त . आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पंजाब के Chief Minister भगवंत मान ने ‘आर्ट ऑफ लिविंग’ के Bengaluru आश्रम का दौरा किया. इस दौरान उन्होंने संगठन की 45वीं वर्षगांठ पर इसके संस्थापक श्री श्री रवि शंकर को बधाई दी.
social media प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में आध्यात्मिक गुरु ने कहा कि पंजाब के Chief Minister भगवंत मान, अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया ने ‘आर्ट ऑफ लिविंग’ के 45वें वर्ष के अवसर पर बधाई देने के लिए Bengaluru आश्रम का दौरा किया.
उन्होंने आगे कहा कि उन्होंने किसानों की मदद करने और नशा मुक्ति के लिए संगठन की पहलों की भी सराहना की.
उनके social media पोस्ट के साथ एक वीडियो भी है जिसमें Saturday को ‘आश्रम’ पहुंचने पर श्री श्री रवि शंकर, केजरीवाल और पंजाब के Chief Minister का स्वागत करते हुए दिख रहे हैं.
इससे कुछ दिन पहले, पूर्व Prime Minister और जनता दल (सेक्युलर) के प्रमुख एचडी देवेगौड़ा ने भी Bengaluru में ‘आर्ट ऑफ लिविंग’ इंटरनेशनल सेंटर का दौरा किया था.
26 अगस्त को अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने श्री श्री रवि शंकर से बातचीत की और ‘आर्ट ऑफ लिविंग’ की 45वीं वर्षगांठ के जश्न के बीच उन्हें अपनी हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं.
मई में, Prime Minister Narendra Modi ने Bengaluru में ‘आर्ट ऑफ लिविंग’ फाउंडेशन की 45वीं वर्षगांठ के समारोह में भाग लिया था, जहा उन्होंने आध्यात्मिक गुरु की मौजूदगी में नवनिर्मित ‘ध्यान मंदिर’ का उद्घाटन किया और कई अन्य पहलों की शुरुआत की.
पीएम मोदी ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों को संबोधित किया और आध्यात्मिकता, राष्ट्र-निर्माण में जन-भागीदारी, पर्यावरण संरक्षण और विकसित India के निर्माण में युवाओं की भूमिका के बारे में बात की.
ध्यान मंदिर के उद्घाटन के मौके पर Prime Minister ने कहा कि यह पहल सेवा और सामूहिक कल्याण की भावना को दर्शाती है.
पीएम मोदी ने कहा कि आज भव्य और दिव्य ‘ध्यान मंदिर’ का उद्घाटन हुआ है. जब इरादे नेक हों और काम सेवा की भावना से किया जाए, तो हर कोशिश का सकारात्मक नतीजा मिलता है. चाहे कुछ भी हो या न हो, हम सब कमल के साये में हैं. गुरुदेव के आशीर्वाद से यह कमल देश को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा.
टेक्नोलॉजी और आध्यात्मिकता दोनों क्षेत्रों में Bengaluru के योगदान का जिक्र करते हुए Prime Minister ने कहा कि इस शहर ने वैश्विक स्तर पर India की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है.
India की विविधता और सांस्कृतिक एकता पर जोर देते हुए Prime Minister ने कहा कि जो भावना देश को एक सूत्र में पिरोती है, वह है दूसरों के लिए जीने की भावना.
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एमएस/