
New Delhi, 26 सितंबर . देश के कई हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक बारिश और आंधी-तूफान का दौर जारी रहने के आसार हैं. India मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, उत्तर-पूर्वी Madhya Pradesh और उससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ के ऊपर बना डिप्रेशन उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है. इसके प्रभाव से Madhya Pradesh, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली-एनसीआर, Haryana, छत्तीसगढ़, बिहार और आसपास के इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है.
सबसे ज्यादा चिंता उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश को लेकर है. उत्तराखंड में 26 और 27 सितंबर को कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है. वहीं, 26 सितंबर को पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी कहीं-कहीं अत्यंत भारी बारिश हो सकती है.
आईएमडी के मुताबिक, उत्तर-पूर्वी Madhya Pradesh और उत्तरी छत्तीसगढ़ के आसपास बना डिप्रेशन पिछले छह घंटों के दौरान करीब 13 किमी प्रति घंटे की गति से उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ा. 26 सितंबर को सुबह 8:30 बजे यह सिस्टम सीधी से करीब 70 किमी दक्षिण-दक्षिण-पश्चिम, रीवा से करीब 90 किमी दक्षिण-दक्षिण-पूर्व और सतना से करीब 120 किमी दक्षिण-पूर्व में केंद्रित था.
इसके 26 सितंबर की शाम तक उत्तर-पूर्वी Madhya Pradesh को पार करते हुए दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ने की संभावना है. इसके बाद अगले लगभग 12 घंटों के दौरान यह धीरे-धीरे कमजोर होकर सुस्पष्ट कम दबाव के क्षेत्र में बदल सकता है.
उत्तर-पश्चिम India में अगले कुछ दिन मौसम काफी सक्रिय रहने की संभावना है. Haryana, चंडीगढ़ और दिल्ली में 26 और 27 सितंबर को कई स्थानों पर बारिश हो सकती है. इसके साथ ही कुछ जगहों पर भारी बारिश की भी आशंका है.
दिल्ली, Haryana, पंजाब और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 26-27 सितंबर के दौरान कुछ स्थानों पर गरज-चमक और बिजली के साथ 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. हवा के झोंके 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं.
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 27 सितंबर को कुछ जगहों पर बहुत भारी बारिश की संभावना है. पूर्वी उत्तर प्रदेश में 27 सितंबर को कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है.
पहाड़ी राज्यों में भी मौसम खराब रहने वाला है. उत्तराखंड में 26 से 28 सितंबर तक बड़े हिस्से में बारिश होने की संभावना है. खास तौर पर 26 और 27 सितंबर को कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश का अनुमान है.
Himachal Pradesh में 26 और 28 सितंबर को कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है, जबकि 27 सितंबर को कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश होने की आशंका है.
Himachal Pradesh और उत्तराखंड में 26-27 सितंबर को गरज-चमक, बिजली और तेज हवाओं का भी खतरा बना रहेगा.
जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद में 28 सितंबर को बारिश का दायरा बढ़ सकता है. 28-29 सितंबर को इन क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की भी संभावना है.
मध्य India में पूर्वी Madhya Pradesh में 26-27 सितंबर और छत्तीसगढ़ में 26-28 सितंबर के दौरान बड़े इलाके में बारिश होने के आसार हैं.
26 सितंबर को छत्तीसगढ़ के साथ पूर्वी और पश्चिमी Madhya Pradesh में कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है. 27 सितंबर को पूर्वी और पश्चिमी Madhya Pradesh में कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना है.
पूर्वी Madhya Pradesh में 26-27 सितंबर के दौरान गरज-चमक और बिजली के साथ 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है, जिसके झोंके 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं.
पूर्वी India में भी 26 सितंबर को मौसम काफी सक्रिय रहेगा. बिहार, Jharkhand, Odisha, गंगीय पश्चिम बंगाल तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में कई स्थानों पर बारिश होने की संभावना है.
बिहार में 26 सितंबर को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है. Jharkhand, Odisha और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम में कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना है.
बिहार और Jharkhand में गरज-चमक और बिजली के साथ 40-50 किमी प्रति घंटे, झोंकों में 60 किमी प्रति घंटे तक तेज हवाएं चल सकती हैं. बिहार में तेज सतही हवाओं की भी चेतावनी दी गई है.
अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 26 सितंबर से 2 अक्टूबर तक अलग-अलग स्थानों पर बारिश जारी रह सकती है.
असम और मेघालय में 30 सितंबर और 1 अक्टूबर को बारिश का दायरा बढ़ने का अनुमान है. इन दोनों राज्यों में 29-30 सितंबर को कुछ स्थानों पर भारी बारिश भी हो सकती है.
पश्चिम India में Gujarat क्षेत्र, कोंकण एवं गोवा, मध्य Maharashtra और मराठवाड़ा में 26 सितंबर से 2 अक्टूबर तक अलग-अलग स्थानों पर बारिश होने की संभावना है.
सौराष्ट्र और कच्छ में 30 सितंबर से 2 अक्टूबर तक बारिश हो सकती है. मध्य Maharashtra में 28-30 सितंबर और मराठवाड़ा में 26 तथा 29 सितंबर को कुछ स्थानों पर गरज-चमक और तेज हवाओं का अनुमान है.
दक्षिण India के कई राज्यों में भी आने वाले दिनों में बारिश जारी रह सकती है. तटीय आंध्र प्रदेश और यनम, रायलसीमा, तेलंगाना, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में 26 सितंबर से 2 अक्टूबर तक अलग-अलग स्थानों पर बारिश होने की संभावना है.
केरल और माहे में 30 सितंबर से 2 अक्टूबर, तटीय कर्नाटक में 28-30 सितंबर और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 28 सितंबर से 1 अक्टूबर के दौरान बारिश का दायरा बढ़ने की संभावना है.
दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 29 सितंबर को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है. तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 30 सितंबर से 1 अक्टूबर तथा केरल-माहे में 1-2 अक्टूबर को कहीं-कहीं भारी बारिश का अनुमान है.
आईएमडी के अनुसार, उत्तर-पूर्वी Madhya Pradesh, उससे सटे दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश, उत्तरी छत्तीसगढ़, दक्षिण-पश्चिमी Jharkhand और दक्षिण बिहार में 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल रही हैं, जो झोंकों में 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं. 26 सितंबर की शाम से इनकी रफ्तार घटकर 35-45 किमी प्रति घंटे और झोंकों में 55 किमी प्रति घंटे तक रहने का अनुमान है.
27 सितंबर की सुबह तक उत्तर प्रदेश और उससे सटे उत्तरी Madhya Pradesh में हवा की रफ्तार और घटकर 25-35 किमी प्रति घंटे, झोंकों में 45 किमी प्रति घंटे तक रह सकती है. इसके बाद हवा की रफ्तार धीरे-धीरे कम होने की संभावना है.
अरब सागर में जाने वाले मछुआरों को भी सावधान किया गया है. 26 से 28 सितंबर तक सोमालिया तट के आसपास और दक्षिण-पश्चिम अरब सागर के कुछ हिस्सों को लेकर मछुआरों के लिए चेतावनी जारी की गई है. बंगाल की खाड़ी के मछुआरों के लिए फिलहाल कोई चेतावनी नहीं दी गई है.
कुल मिलाकर अगले कुछ दिनों तक देश के बड़े हिस्से में मानसूनी गतिविधियां जारी रहने की संभावना है. 26-27 सितंबर को उत्तराखंड और 26 सितंबर को पूर्वी एवं पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अत्यंत भारी बारिश का खतरा इस पूर्वानुमान की सबसे महत्वपूर्ण चेतावनियों में शामिल है. दिल्ली-एनसीआर, Haryana, Madhya Pradesh, छत्तीसगढ़ और बिहार समेत कई हिस्सों में भी भारी बारिश, बिजली और तेज हवाओं को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है.
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एएमटी/डीकेपी