विदेशी खिलाड़ियों के योगदान के बिना जीतना पंजाब किंग्स का आत्मविश्वास दर्शाता है : नाइट

लखनऊ, 2 अप्रैल . क्या पंजाब किंग्स (पीबीकेएस) इस बार वास्तव में अलग नजर आ रही है? निक नाइट और वरुण आरोन ऐसा महसूस करते हैं कि पीबीकेएस के दल में काफी आत्मविश्वास नजर आ रहा है और इसकी प्रमुख वजह रिकी पोंटिंग और श्रेयस अय्यर द्वारा बनाया गया एक अच्छा सिस्टम है. नाइट पीबीकेएस की जीत में भारतीय खिलाड़ियों द्वारा दिए जा रहे योगदान से भी काफी प्रभावित हैं.

ईएसपीएन क्रिकइंफो टाइम आउट में आरोन ने कहा, “पूरा अभियान रिकी पोंटिंग के उस कथन से शुरु हुआ जिसमें उन्होंने कहा कि यह उनकी टीम है और वह एक खास तरीके से आगे बढ़ेंगे. इससे स्पष्ट था कि वह किसी भी तरह का बाहरी दखल नहीं चाहते. जब रिकी पोंटिंग और श्रेयस अय्यर जैसे आईपीएल विजेता कोच और कप्तान एक साथ आते हैं तो कुछ ऐसी ही तस्वीर देखने को मिलती है और मुझे लगता है कि उनके द्वारा बनाए गए अच्छे सिस्टम की झलक हमें प्रदर्शन में भी साफ तौर पर दिखाई दे रही है.”

टाइम आउट हिंदी शो पर आरोन ने पीबीकेएस की गेंदबाजी रणनीति की भी तारीफ की. उन्होंने लखनऊ सुपर जायंट्स (एलएसजी) के खिलाफ खेले गए मैच का उदाहरण देते हुए कहा कि उनके गेंदबाज परिस्थितियों के हिसाब से गेंदबाजी कर रहे हैं.

आरोन ने कहा, “पंजाब के गेंदबाजों ने परिस्थितियों का पूरा लाभ उठाया. उन्होंने जब यह देखा कि परिस्थिति गेंदबाजी के लिए अच्छी है तो उन्होंने कुछ अलग करने की कोशिश नहीं की. उनके गेंदबाजों ने स्लोअर वन और यॉर्कर करने का प्रयास नहीं किया.”

पीबीकेएस ने अपने पहले मैच में गुजरात टाइटंस (जीटी) के खिलाफ 243 के स्कोर का बचाव किया और यह प्रमुख रूप से श्रेयस, प्रियांश आर्य और शशांक सिंह के कारण संभव हो पाया और एलएसजी के खिलाफ भी उन्होंने 172 का लक्ष्य प्रभसिमरन सिंह, श्रेयस और नेहाल वढ़ेरा की बदौलत हासिल किया.

नाइट ने कहा, “वह अब तक दो मैच जीत चुके हैं और अगर आप ध्यान देंगे तो इन दो मैचों में विदेशी खिलाड़ियों का योगदान अधिक नहीं है. तो हां भारतीय खिलाड़ियों ने काफी योगदान दिया है. कप्तान चट्टान की तरह मजबूत हैं, वह काफी शांत रहते हैं. उन्होंने टीम की कमान अपने हाथों में ली हुई है. टीम उसी तरह खेल रही है जिस तरह वह और रिकी पोंटिंग चाहते हैं. इस खेमे में वास्तविक आत्मविश्वास नजर रहा है.”

पीबीकेएस के पास विदेशी खिलाड़ियों का मजबूत लाइन अप है लेकिन इस मुकाबले में उन्होंने विदेशी खिलाड़ियों की बिना मदद के जीत हासिल की है और नाइट की नजर में यह टीम के लिए बड़ी बात है.

उन्होंने कहा, “ग्लेन (मैक्सवेल), (मार्कस) स्टॉयनिस, (लॉकी) फर्ग्युसन, (अजमतुल्लाह) ओमरजई यह सभी ऐसे खिलाड़ी हैं जो अहम योगदान दे सकते हैं, आपके लिए एक और दो मैच जिताकर भी देंगे और टीम में बड़ी भूमिका अदा करेंगे. तो अगर टीम को इनके योगदान के बिना जीत मिल रही है तो यह टीम एक बहुत अच्छी स्थिति में है. इस प्रदर्शन से मुझे तो ऐसा ही नजर आ रहा है. यह उनके लिए आत्मविश्वास से भरी हुई शुरुआत है.”

आरोन को पीबीकेएस के टेम्परामेंट ने भी काफी प्रभावित किया, खास तौर पर जब उन्होंने जीटी के खिलाफ एक करीबी मुकाबला जीता. आरोन ने उनके इस प्रदर्शन की तुलना चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) और मुंबई इंडियंस (एमआई) से की.

आरोन ने कहा, “अगर आप याद करेंगे तो पंजाब ने इन वर्षों में कई करीबी मुकाबले हारे, ऐसे में गुजरात के खिलाफ उनका करीबी मुकाबला जीतना जरूरी था नहीं तो उनके प्रशंसक फिर यह सोचकर परेशान हो जाते कि इस बार भी तस्वीर बदलने वाली नहीं है. लेकिन पिछले मुकाबलों में वह अपनी रणनीति पर टिके रहे और उन्होंने दबाव की स्थिति में भी अपने भावनाओं को नियंत्रित रखा. ऐसा पंजाब की ओर से देखने को नहीं मिला था, यह सीएसके और मुंबई जैसा प्रदर्शन था जैसे वह डैथ से मुकाबले को अपनी ओर खींच लेते हैं. तो यह एक बेहतरीन शुरुआत थी और मुझे लगता है कि यह एक तरह से उनका स्टेटमेंट था.”

आरआर/